रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में ज्वेलरी कारोबारी से करोड़ों रुपये के आभूषणों की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। सदर बाजार स्थित विधि ज्वेलर्स एंड बुलियन के संचालक ने दो महिलाओं पर नगर निगम के आवास विभाग में कार्यरत होने का झांसा देकर करीब 1 करोड़ 88 लाख 37 हजार 630 रुपये के सोने, चांदी और हीरे के आभूषण लेने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी किरण साहू को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसकी कथित साथी की तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने कारोबारी का विश्वास जीतने के बाद आभूषण लिए और भुगतान के बदले ऐसे चेक दिए, जिनमें हस्ताक्षर संबंधी गड़बड़ी सामने आई। शिकायत के आधार पर कोतवाली पुलिस और एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट की संयुक्त टीम मामले की जांच कर रही है।
नगर निगम में नौकरी का दावा कर कारोबारी का जीता भरोसा
पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक, भाठागांव निवासी रिखब बरडिया की सदर बाजार में विधि ज्वेलर्स एंड बुलियन नाम से दुकान है। आरोप है कि 24 अगस्त 2026 को किरण साहू एक अन्य महिला के साथ दुकान पहुंची। उसने खुद को नगर निगम के आवास विभाग में कार्यरत बताया, जिससे कारोबारी को उस पर भरोसा हो गया। इसके बाद दोनों महिलाओं ने दुकान से करीब 37 लाख रुपये के आभूषण लिए। शिकायत के अनुसार, इस खरीदारी के एवज में 250 ग्राम सोने का बिस्कुट और 7 लाख रुपये नकद दिए गए। बाकी 15 लाख रुपये के भुगतान के लिए चेक दिया गया। शुरुआती लेन-देन के बाद कारोबारी को भुगतान मिलने की उम्मीद थी, लेकिन आगे हुई खरीदारी और चेक से जुड़ी घटनाओं ने पूरे मामले को धोखाधड़ी के आरोप तक पहुंचा दिया।
दो दिन बाद फिर खरीदे 1.73 करोड़ रुपये के आभूषण
शिकायत में बताया गया है कि 26 अगस्त 2026 को दोनों महिलाएं दोबारा ज्वेलरी दुकान पहुंचीं। इस बार उन्होंने करीब 1.73 करोड़ रुपये के सोने, चांदी और हीरे के आभूषण लिए। आभूषणों के भुगतान के लिए 1,73,37,630 रुपये का चेक दिया गया। साथ ही, दो से तीन दिनों के भीतर सोने के बिस्कुट उपलब्ध कराने का आश्वासन भी दिया गया। कारोबारी को बाद में भुगतान को लेकर संदेह हुआ। शिकायत के अनुसार, 1 सितंबर को जब पहले दिए गए 15 लाख रुपये के चेक को बैंक में जमा किया गया, तो गलत हस्ताक्षर के कारण चेक अनादरित हो गया। इसके बाद कारोबारी ने किरण साहू से संपर्क कर बकाया रकम के भुगतान की मांग की। आरोप है कि उसे लगातार टालमटोल का सामना करना पड़ा। न तो बकाया राशि का भुगतान हुआ और न ही आभूषणों का हिसाब मिल सका। इस तरह शिकायतकर्ता ने दोनों महिलाओं पर कुल 1,88,37,630 रुपये मूल्य के आभूषणों की धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है।
एंटी क्राइम यूनिट और कोतवाली पुलिस ने की कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने आरोपियों की पहचान कर उनकी जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए। इसके बाद सहायक पुलिस आयुक्त कोतवाली दीपक मिश्रा के नेतृत्व में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट तथा कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने जांच शुरू की। पुलिस ने शिकायतकर्ता से पूछताछ कर घटनाक्रम, लेन-देन और आरोपियों से जुड़ी जानकारी जुटाई। इसके बाद कार्रवाई करते हुए किरण साहू को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित धोखाधड़ी से प्राप्त आभूषण कहां हैं और इस मामले में दूसरी महिला की क्या भूमिका रही है।
किरण साहू गिरफ्तार, दूसरी आरोपी की तलाश जारी
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार महिला की पहचान किरण साहू (28), पति गोपाल साहू, निवासी मजदूर नगर सरोरा, थाना उरला, जिला रायपुर के रूप में हुई है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान उसने अपनी साथी के साथ मिलकर कथित धोखाधड़ी को अंजाम देने की बात स्वीकार की है। मामले में सामने आए इस कथन की पुष्टि जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जानी है। दूसरी महिला आरोपी फिलहाल फरार बताई जा रही है। उसकी तलाश के लिए पुलिस टीम प्रयास कर रही है। साथ ही, कथित तौर पर ठगे गए सोने, चांदी और हीरे के आभूषणों की बरामदगी भी जांच का अहम हिस्सा है।
भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज
इस मामले में रायपुर के कोतवाली थाने में अपराध क्रमांक 402/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 318(4), 336(3), 338, 340(2) और 61(2) में प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे मामले की विवेचना कर रही है। फिलहाल, जांच का मुख्य फोकस आभूषणों की बरामदगी, भुगतान से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल और फरार महिला आरोपी की गिरफ्तारी पर है। मामले में आगे की जानकारी जांच की प्रगति और पुलिस की अगली कार्रवाई के बाद सामने आ सकती है।