भोपाल। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा बीते दिन किए गए हंगामे का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। एबीवीपी की सदस्यता अभियान के विरोध में शुक्रवार को कांग्रेस की छात्र इकाई NSUI ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौपा है। साथ ही दोषी कार्यकर्ताओं पर कार्रवाई की मांग भी की है।
क्या है पूरा मामला ?
आपको बता दें कि राजधानी भोपाल के ओरियन स्कूल बावडिया कला के स्कूल में एडमिशन करने और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् की सदस्यता अभियान के नाम पर एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। जानकारी के अनुसार स्कूल में आए मृदुल ज्वादे जो कि परिषद के मंत्री है ने स्कूल में एडमिशन कराने के लिए संचालक पर दबाव बना रहा था। बात नहीं मानने पर मृदुल ने संचालक के ऊपर धारदार कांच के टुकड़े से हमला कर दिया। साथ ही वह मौजूद महिला शिक्षकों के साथ भी अभद्रता की। इसी का विरोध करते हुए आज कांग्रेस की छात्र इकाई NSUI ने भोपाल कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौपा है।
NSUI प्रदेश अध्यक्ष आशुतोष चौकसे ने बताया कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा स्कुलों में जबरदस्ती घुसकर दबाव बनाकर एवं सरकार के अधिकारियों के समर्थन से जिले के स्कुलो में 5 वर्ष से 15 वर्ष तक के कम उम्र के नाबालिक छात्रों पर जबरदस्ती अवैध पैसा वसुली कर सदस्यता रसीद काट कर सदस्यता अभियान चलाया जा रहा है एवं मारपीट कर डरा धमका कर ABVP का सदस्य बनाया जा रहा है।
चौकसे ने कहा की स्कुल प्रबंधन के साथ साथ छात्रों से भी मारपीट कर एवं खुलेआम गुण्डागर्दी कर शिक्षा के मंदिर में घुसकर बच्चों जबरन राजनीतिक दलदल में धकेला जा रहा है जो कि बहुत ही गलत है। नाबालिको में इस उम्र निश्चल भाव होता है और उनको परिवार के साथ साथ सामाजिक स्तर पर उनको अच्छे संस्कारवान, अच्छे आचरण, उत्तम शिक्षा देने का समय होता न कि उन्हें जबरन अपनी राजनीतिक स्वार्थ पूर्ति के लिए बच्चों पर अपनी मनमानी बात थोपना है। एनएसयूआई इस तरह के अवैध सदस्यता अभियान पर रोक लगाने एवं मारपीट के जिम्मेदारो पर कार्रवाई की मांग जिला प्रशासन से करती है।