नारायणपुर: छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में सुरक्षाबलों ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों के एक बड़े हथियार डंप का भंडाफोड़ कर उसे नष्ट कर दिया। कार्रवाई में हथियार, गोला-बारूद और आईईडी बनाने में उपयोगी सामग्री की बड़ी खेप बरामद हुई है। अधिकारियों का मानना है कि समय रहते हुई इस कार्रवाई से संभावित बड़ी वारदात टल गई।
खुफिया सूचना पर चला संयुक्त अभियान:
पुलिस के मुताबिक 14 फरवरी को विश्वसनीय सूचना मिलने के बाद कैंप धनौरा से 29वीं वाहिनी आईटीबीपी, एसएटी और जिला पुलिस की संयुक्त टीम रवाना हुई। द्वितीय कमान अधिकारी दीपक सेमल्टी के नेतृत्व में जवानों ने थाना ओरछा क्षेत्र के ग्राम खोड़पार (गोमागल) के दुर्गम जंगल-पहाड़ी इलाके में सघन तलाशी अभियान चलाया। तलाशी के दौरान नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए हथियारों के बड़े जखीरे का पता चला, जिसे मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
बरामद सामग्री में हथियार और आईईडी उपकरण शामिल:
सुरक्षा बलों ने मौके से 12 बोर रायफलें, सिंगल शॉट रायफल, पुरानी भरमार बंदूकें, एलएमजी पैसिव नाइट साइट, विभिन्न बोर के कारतूस, बीजीएल सेल, इंसास एलएमजी व एसएलआर मैगजीन बरामद किए। इसके अलावा करीब 30 मीटर इलेक्ट्रिक वायर, सोल्डरिंग आयरन, वायर कटर, स्क्रूड्राइवर सेट सहित आईईडी निर्माण में प्रयुक्त उपकरण भी जब्त किए गए।
संभावित बड़ी घटना टली:
अधिकारियों के अनुसार बरामद सामग्री से संकेत मिलता है कि नक्सली संगठन क्षेत्र में किसी बड़ी वारदात की तैयारी कर रहे थे। समय रहते किए गए ऑपरेशन से उनकी योजना को विफल कर दिया गया है।
नक्सल उन्मूलन अभियान को मजबूती:
विशेषज्ञों का कहना है कि जंगलों में बनाए गए ऐसे डंप नक्सली संगठनों की लॉजिस्टिक रीढ़ होते हैं। इनके ध्वस्तीकरण से संगठन की परिचालन क्षमता पर सीधा असर पड़ता है और सुरक्षा बलों को बढ़त मिलती है।
आम नागरिकों से पुलिस की अपील:
जिला पुलिस ने लोगों से किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत साझा करने की अपील की है। साथ ही क्षेत्र में सर्चिंग अभियान जारी रखने की बात कही गई है। इस कार्रवाई को क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।