रायपुर: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने छत्तीसगढ़ के चर्चित शराब घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए 13 ठिकानों पर छापेमारी की है। एजेंसी ने इस कार्रवाई में 53 लाख रुपये नकद, 3.234 किलोग्राम सोना और करोड़ों रुपये के दस्तावेज व डिजिटल सबूत जब्त किए हैं। यह छापेमारी 30 अप्रैल को रायपुर, दुर्ग-भिलाई और बिलासपुर में एक साथ की गई।
13 ठिकानों पर एक साथ रेड
ED ने PMLA 2002 की धारा 17 के तहत कार्रवाई करते हुए जिन स्थानों पर छापा मारा, उनमें शराब कारोबारी, चार्टर्ड अकाउंटेंट, बिजनेसमैन, कॉर्पोरेट संस्थाएं शामिल थे। एजेंसी के अनुसार ये सभी संदिग्ध अवैध कमाई को छिपाने और उसे वैध दिखाने की प्रक्रिया (लेयरिंग) में 5.39 करोड़ की कुल जब्ती,छापेमारी के दौरान ED को मिला, ₹53,00,000 नकद, 3.234 किलो सोना/गहने (लगभग ₹4.86 करोड़ मूल्य) शामिल थे। कुल जब्ती: ₹5.39 करोड़ है, इसके अलावा हार्ड डिस्क, मोबाइल फोन, वित्तीय दस्तावेज, डिजिटल डेटा भी बरामद किया गया है, जिनकी जांच जारी है।
2,883 करो ड़ के घोटाले का खुलासा
ED के अनुसार यह घोटाला एक संगठित नेटवर्क के जरिए चलाया गया, जिसमें राजनीतिक पदाधिकारी, वरिष्ठ नौकरशाह, डिस्टिलरी संचालक, FL-10A लाइसेंसधारी शामिल थे, EOW/ACB की चार्जशीट के मुताबिक, 2019 से 2022 के बीच करीब ₹2,883 करोड़ की अवैध कमाई की गई।
अब तक 9 गिरफ्तार
ED ने अब तक PMLA की धारा 19 के तहत 9 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें सेवानिवृत्त IAS अधिकारी CSMCL के तत्कालीन MD एक्साइज कमिश्नर पूर्व आबकारी मंत्री मुख्यमंत्री के पुत्र CMO के तत्कालीन डिप्टी सचिव शामिल हैं। जांच में हवाला नेटवर्क और कैश हैंडलिंग की कड़ियां भी सामने आई हैं।
380 करोड़ की संपत्तियां अटैच
अब तक ED 6 प्राविजनल अटैचमेंट ऑर्डर जारी कर चुकी है करीब ₹380 करोड़ की संपत्ति जब्त की जा चुकी है, इनमें शामिल हैं, मकान,कमर्शियल प्रॉपर्टी बैंक बैलेंस, वाहन, शेयर, आभूषण कई अटैचमेंट को PMLA एडजुडिकेटिंग अथॉरिटी ने भी मंजूरी दे दी है।
81 आरोपी, 6 शिकायतें दर्ज
ED ने विशेष PMLA कोर्ट, रायपुर में 6 अभियोजन शिकायतें 81 आरोपी (व्यक्ति और संस्थाएं) के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह मामला फिलहाल विभिन्न अदालतों में विचाराधीन है।
आगे और बढ़ेगी कार्रवाई
ED ने संकेत दिए हैं कि हालिया छापों में मिले नए सबूतों के आधार पर और संपत्ति अटैच हो सकती है नई गिरफ्तारियां संभव हैं, जांच का दायरा और बढ़ेगा, फिलहाल एजेंसी की जांच जारी है और आने वाले समय में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।