सागर : मध्य प्रदेश के सागर जिले के चनाटोरिया इलाके में चार दिन पहले सागर-गढ़ाकोटा रोड पर चलती कार में आग लगने से हुई 38 वर्षीय सीमा पटेल की संदिग्ध मौत का मामला अब पूरी तरह से हत्या में बदल गया है। पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि यह कोई हादसा नहीं,बल्कि पति द्वारा रची गई सोची समझी साजिश थी। फिलहाल पुलिस ने आरोपी डॉक्टर और उसके दो अन्य साथियों को गिरफ्तार कर लिया है। वही मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
25 साल की पड़ोसी के साथ अफेयर
दरसअल, हत्यारे डॉक्टर नीलेश पटेल का 25 साल की पड़ोसी के साथ अफेयर चल रहा था। जिसका पता पत्नी सीमा कुर्मी को लग गया था और इस बात को लेकर अक्सर दोनों के बीच विवाद होता रहता था। इसी से परेशान होकर पति ने पत्नी की हत्या की साजिश रच दी और घटना को छुपाने के लिए एक्सीडेंट की कहानी रची। लेकिन पुलिस ने कुछ ही दिनों में पूरी साजिश का खुलासा कर दिया।
दो कर्मचारियों ने दिया साथ
हत्यारे पति ने पहले पत्नी का गला घोंटा और गढ़ाकोटा से 50 किमी दूर चनाटोरिया पर लाकर पेट्रोल डालकर कार में जला दिया। इस पूरे घटना में क्लीनिक के दो कर्मचारी रामकृष्ण और शुभम ने भी साथ दिया। जिन्हे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
पहले घोटा गला फिर लगाई आग
इधर, मास्टर प्लान की जानकारी देते हुए आरोपी डॉ. पति नीलेश कुर्मी (पटेल) ने बताया कि 20 मार्च को रात करीब 2 बजे घर पहुंचने पर पत्नी ने लड़ाई शुरू कर दी थी। विवाद इतना ज्यादा बढ़ा कि आरोपी ने नीलेश ने पत्नी सीमा कुर्मी का गला घोंट दिया।
20 मार्च की घटना
पत्नी ने देर रात घर आने का कारण पूछा तो दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। विवाद इतना बढ़ा की आरोपी नीलेश ने पत्नी सीमा कुर्मी का गला घोंट दिया। इतना ही नहीं आरोपी ने हत्या को छुपाने के लिए पहले बीमारी फिर एक्सीडेंट की कहानी रची। हालांकि परिजन पहले से ही घटना को हत्या बता रहे थे।
प्रेम प्रसंग के चलते उठाया कदम
मामले को लेकर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लोकेश कुमार सिन्हा ने बताया कि मृतका के भाई ने पहले ही आरोप लगाया था कि डॉ.नीलेश का एक युवती से प्रेम संबंध था,जिसको लेकर पति-पत्नी के बीच लगातार विवाद होता था। आखिरी बार भी इसी बात पर झगड़ा हुआ,जिसके बाद आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया।
एक माह पहले खरीदी थी टाटा पंच कार
इतना ही नहीं आरोपी ने अपने प्लान को फुलप्रूफ दिखाने के लिए एक माह पहले सीएनजी से चलने वाली टाटा पंच कार खरीदी थी ताकि आग लगने का कारण सीएनजी सिलेंडर फटना बता सके,लेकिन इस आगजनी में सीएनजी सिलेंडर फटा ही नही। बल्कि फॉरेंसिक जांच में घटनास्थल से ज्वलनशील (पेट्रोल) पदार्थ की पुष्टि हुई है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आगे की कार्रवाई जारी है।