Jitan Ram Manjhi : देश की राजनीति में जहां अक्सर संपत्ति और ताकत का गहरा संबंध देखा जाता है, वहीं केंद्र सरकार में एक ऐसे मंत्री का नाम भी है जो अपनी सादगी और कम संपत्ति के कारण चर्चा में है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल में शामिल जीतन राम मांझी को सबसे कम घोषित संपत्ति वाले मंत्री के रूप में जाना जा रहा है।
कौन है जीतन राम मांझी?
जीतन राम मांझी बिहार से आते है। वे केंद्र सरकार में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। वे बिहार की गया लोकसभा सीट से सासंद है। मांझी गया जिले के महकार गांव के रहने वाले है। वे मुसहर समुदाय से हैं। उनके पिता खेतिहर मजदूर थे और मांझी ने भी बचपन में खेतों में काम किया।
कितनी है संपत्ति?
जून 2024 में शपथ ग्रहण के बाद दिए गए हलफनामे के अनुसार मांझी की कुल संपत्ति करीब 30 लाख रुपये है, जो मौजूदा मंत्रिमंडल में सबसे कम है। अन्य कम संपत्ति वाले मंत्रियों में बंदी संजय कुमार, अजय टम्टा, सुकांत मजूमदार और पबित्रा मार्गेरिटा शामिल हैं, जिनकी संपत्ति लगभग 1 से 1.3 करोड़ रुपये के बीच बताई गई है।
मुख्यमंत्री रह चुके मांझी
2014 में नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद उन्हें बिहार का 23वां मुख्यमंत्री बनाया गया। हालांकि उनका कार्यकाल एक साल से भी कम समय का रहा, लेकिन उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली। राजनीतिक मतभेदों के चलते उन्होंने 2015 में हिंदुस्तान आवाम मोर्चा नामक अपनी पार्टी की स्थापना की।
शिक्षा और नौकरी
जीतन राम मांझाी ने 1967 में गया कॉलेज से स्नातक की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद 1968 से 1980 तक उन्होंने डाक एवं तार विभाग में क्लर्क के रूप में नौकरी की, फिर राजनीति में सक्रिय हो गए।