भोपाल : मध्य प्रदेश में फर्जीवाड़ा इस कदर बढ़ गया है कि आप लोगों की जिंदगी के साथ भी खिड़वाल किया जा रहा है। ये हैरान करने वाली खबर राजधानी भोपाल से सामने आई है। जहां पुलिस ने आज 9 डॉक्टरों के खिलाफ FIR दर्ज की। बताया जा रहा है कि इन सभी डॉक्टर्स की डिग्री जाली है। जिसे बाद पुलिस ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
डॉ. राकेश बोहरे ने की शिकायत
दरअसल, NHM के वरिष्ठ संयुक्त संचालक डॉ. राकेश बोहरे ने इस पूरे मामले की शिकायत पुलिस में दर्ज कराई थी। मध्य प्रदेश मेडिकल काउंसिल के वेरिफिकेशन में इन डॉक्टरों के सर्टिफिकेट पूरी तरह से नकली पाए गए हैं। जिसकी खबर जैसे ही पुलिस को लगी तो उन्होंने बिना समय गवाएं। सभी 9 डॉक्टरों के खिलाफ केस दर्ज की। जिनकी जल्द ही गिरफ़्तारी का दावा किया जा रहा है।
फर्जी रजिस्ट्रेशन के आधार पर पाई सरकारी नौकरी
बता दें कि दमोह के चर्चित संजीवनी क्लीनिक मामले में तीन फर्जी डॉक्टरों का पर्दाफाश हुआ था। इसके बाद सरकार ने पूरे प्रदेश में जांच बिठाई थी। राज्यभर में चल रही इस छानबीन के बाद 9 डॉक्टरों के खिलाफ FIR दर्ज की गई। इन सभी डॉक्टरों पर मध्य प्रदेश मेडिकल काउंसिल के फर्जी रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर सरकारी नौकरी पाने का आरोप है।
इन डॉक्टरों के खिलाफ दर्ज की गई FIR
जिन डॉक्टरों के खिलाफ केस दर्ज है। उसमे डॉ.आकाश चंदेलकर, डॉ.मोहरसिंह, डॉ.कमलकिशोर, डॉ.मोनिका, डॉ.हारूण डॉ.शांति, डॉ.सोनम, डॉ.बुद्धमान, डॉ.पवन का नाम शामिल है।
NHM डिपार्टमेंट ने चूनाभट्टी थाने में करवाई FIR दर्ज
इधर, मामले की जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि प्रदेश के अलग-अलग हिस्से में सभी सरकारी नौकरी कर रहे थे। लेकिन इनके पास MBBS की डिग्री तक नहीं है। सभी ने MBBS की फर्जी डिग्री बनवा कर इंटरव्यू के माध्यम से NHM डिपार्टमेंट में नौकरी पाई। चूनाभट्टी पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है। सभी डॉक्टर्स की जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।