जगदलपुर : छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण विभाग (PWD) मंत्री अरुण साव आज जगदलपुर के दौरे पर थे। जहां उन्होंने शहर में संचालित कई निर्माणकार्यों की स्थिति का जायजा लिया। साथ ही समय सिमा अधिक होने और गुणवत्ता मे कमी पाए जाने पर अधिकारियों और ठेकेदार को जमकर फटकार भी लगाई।
परियोजना वर्ष 2024 में पूरी होनी थी
दरअसल, डिप्टी सीएम अरुण साव ने दौरे के दौरान निर्माणाधीन ब्रिज (फ्लाईओवर) कार्य का निरीक्षण किया। जहां उन्होंने कार्य के धीमी गलती को लेकर नाराजगी जाहिर करते हुए यह परियोजना वर्ष 2024 में ही पूरी हो जानी चाहिए थी, लेकिन वर्ष 2026 तक भी इसका निर्माण कार्य अधूरा है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि केवल नोटिस जारी करने से काम नहीं चलेगा, बल्कि जिम्मेदार लोगों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जानी चाहिए।
ठेकेदार से धीमी गति को लेकर किया सवाल
उन्होंने ठेकेदार से सीधे सवाल करते हुए कहा कि आखिर निर्माण कार्य इतनी धीमी गति से क्यों किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ठेका अपनी इच्छा से लिया गया है, ऐसे में समय पर काम पूरा करना भी ठेकेदार की जिम्मेदारी है। शहर के प्रमुख मार्ग पर स्थित इस महत्वपूर्ण ब्रिज को अधूरी अवस्था में छोड़ना आम जनता के लिए परेशानी का कारण बन रहा है।
समय पर काम पूरा करने के दिए निर्देश
प्रवास के दौरान उप मुख्यमंत्री श्री साव ने पावर हाउस चौक स्थित फिल्टर प्लांट तथा महारानी वार्ड में लगभग 101 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित नयामुंडा फिल्टर प्लांट का निरीक्षण किया। उन्होंने पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की जानकारी लेते हुए नागरिकों को बेहतर एवं निर्बाध जलापूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।