मई की शुरुआत के साथ ही महंगाई ने एक बार फिर जोरदार झटका दिया है। तेल कंपनियों ने 19 किलो वाले कॉमर्शियल LPG सिलेंडर के दामों में भारी बढ़ोतरी कर दी है। एक ही बार में करीब ₹1000 तक बढ़े रेट के बाद अब देश के कई बड़े शहरों में इसकी कीमत 3000 रुपये के पार पहुंच गई है। इस बढ़ोतरी ने छोटे कारोबारियों से लेकर बड़े होटल-रेस्टोरेंट तक सभी की चिंता बढ़ा दी है।
एक झटके में बड़ी बढ़ोतरी
नई कीमतों के लागू होते ही बाजार में हलचल मच गई। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, भोपाल और रायपुर जैसे शहरों में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम अचानक उछल गए। इतनी बड़ी बढ़ोतरी लंबे समय बाद देखने को मिली है, जिससे व्यापारिक गतिविधियों पर सीधा असर पड़ने की संभावना है।
आम आदमी तक पहुंचेगा असर
भले ही यह बढ़ोतरी कॉमर्शियल सिलेंडर में हुई है, लेकिन इसका असर आम लोगों की जेब तक जरूर पहुंचेगा। होटल, ढाबे, चाय की दुकानें और कैटरिंग सेवाएं इसी गैस पर निर्भर होती हैं। ऐसे में उनकी लागत बढ़ेगी, जिसका सीधा असर खाने-पीने की चीजों की कीमतों पर दिख सकता है।
क्यों बढ़े दाम?
विशेषज्ञों के मुताबिक, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल, मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव और डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी इसके पीछे की बड़ी वजहें हैं। चूंकि कॉमर्शियल LPG पर सब्सिडी नहीं होती, इसलिए इसमें होने वाला बदलाव सीधे बाजार की स्थिति को दर्शाता है।
छोटे व्यापारियों पर ज्यादा दबाव
इस बढ़ोतरी का सबसे ज्यादा असर छोटे कारोबारियों पर पड़ने वाला है। पहले से सीमित मुनाफे में काम कर रहे दुकानदारों के लिए लागत बढ़ना बड़ी चुनौती बन सकता है। कई जगहों पर कीमतें बढ़ाने या खर्च कम करने की नौबत आ सकती है।
घरेलू सिलेंडर पर फिलहाल राहत
हालांकि राहत की बात यह है कि घरेलू LPG सिलेंडर की कीमतों में अभी कोई बदलाव नहीं किया गया है। इससे आम परिवारों को तत्काल राहत मिली है, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए आगे कीमतों में बदलाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।