राहुल भोई// महासमुंद। प्राथमिक कृषि साख समिति राजाडे़रा से जुड़े सात गांवों के करीब 90 किसान अपने धान को लेकर करीब 30 ट्रैक्टरों में सवार होकर तहसील कार्यालय की ओर निकले थे। हालांकि, रास्ते में पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद किसानों ने बीच सड़क पर ही धरना शुरू कर दिया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ।
किसानों का ऐलान – अब पीछे नहीं हटेंगे
धरनारत किसानों ने साफ कहा कि यह आंदोलन आर-पार का है। उनका आरोप है कि एक बार भी उनके धान का टोकन नहीं काटा गया है। किसानों ने चेतावनी दी कि जब तक उनका धान नहीं खरीदा जाएगा, तब तक वे आंदोलन जारी रखेंगे और अपने घर नहीं लौटेंगे।
महिला अधिकारी ने संभाली स्थिति
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए एक महिला अधिकारी मौके पर पहुंचीं और ग्रामीणों से संवाद किया। उन्होंने किसानों को बताया कि धान खरीदी की लिमिट बढ़ाने के संबंध में उच्च अधिकारियों को समय-समय पर लिखित और व्हाट्सएप के माध्यम से जानकारी दी गई है।
आश्वासन मिला, लेकिन समाधान अब तक नहीं
महिला अधिकारी ने कहा कि उच्च कार्यालय से बातचीत के दौरान लिमिट बढ़ाने का भरोसा दिया गया था, लेकिन अभी तक इस पर अमल नहीं हुआ है। उन्होंने आश्वासन दिया कि वे एक बार फिर वरिष्ठ अधिकारियों से संपर्क कर किसानों की समस्या के समाधान के लिए प्रयास करेंगी।