रायपुर: छत्तीसगढ़ में सरकारी विभागों के बिजली बिलों के बढ़ते बकाये से निपटने के लिए राज्य पॉवर कंपनी ने सरकारी बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। योजना के तहत शुरुआती चरण में 4,348 सरकारी बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड किया गया है। हालांकि, अभी तक केवल तीन विभागों ने तीन महीने के बिजली बिल के बराबर अग्रिम राशि जमा की है।
पॉवर कंपनी की योजना प्रदेश के डेढ़ लाख से अधिक सरकारी बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड करने की है। फिलहाल लक्ष्य की तुलना में करीब तीन प्रतिशत कनेक्शन ही प्रीपेड हो पाए हैं। विभाग जैसे-जैसे तीन महीने की अग्रिम राशि जमा करेंगे, उनके बिजली कनेक्शनों को भी प्रीपेड सिस्टम से जोड़ दिया जाएगा।
सरकारी विभागों पर ₹3,500 करोड़ से ज्यादा बकाया
सरकारी विभागों से बिजली बिल की राशि समय पर नहीं मिलने के कारण पॉवर कंपनी को लंबे समय से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में विभिन्न सरकारी विभागों पर 3,500 करोड़ रुपये से अधिक का बिजली बिल बकाया बताया जा रहा है। प्रीपेड व्यवस्था लागू होने के बाद नए बिजली बिल के बकाये की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी। पुराने बकाये को फ्रीज कर उसका भुगतान किस्तों के माध्यम से पॉवर कंपनी को किए जाने की व्यवस्था बनाई जा रही है।
मार्च से शुरू हुई थी सरकारी कनेक्शन प्रीपेड करने की कवायद
स्मार्ट मीटर योजना के बाद राज्य में सरकारी बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड करने की प्रक्रिया इसी साल मार्च से शुरू की गई थी। शुरुआत में ब्लॉक स्तर पर करीब 45 हजार सरकारी कनेक्शनों को प्रीपेड करने की तैयारी थी। बाद में योजना का दायरा बढ़ाकर प्रदेश के लगभग सभी सरकारी बिजली कनेक्शनों को इसमें शामिल करने का निर्णय लिया गया। अब करीब डेढ़ लाख से ज्यादा कनेक्शनों को चरणबद्ध तरीके से प्रीपेड करने की तैयारी है।
विभागों के लिए बनाए गए अलग-अलग ग्रुप
प्रीपेड व्यवस्था को लागू करने के लिए सरकारी विभागों को प्रदेश और जिला स्तर पर अलग-अलग ग्रुप में बांटा गया है। प्रत्येक विभाग को एक अलग कोड दिया गया है और विभागवार नोडल अधिकारियों की भी नियुक्ति की गई है। इस प्रक्रिया में नगरीय निकाय, शिक्षा, गृह, स्वास्थ्य, आंगनबाड़ी और पंचायतों समेत विभिन्न सरकारी विभागों के बिजली कनेक्शनों को शामिल किया जा रहा है। विभागवार यह भी आकलन किया जा रहा है कि किसी जिले में संबंधित विभाग के कार्यालयों का मासिक बिजली बिल कितना आता है।
तीन विभागों ने जमा किया तीन महीने का एडवांस बिल
प्रीपेड कनेक्शन शुरू करने के लिए संबंधित सरकारी विभागों को तीन महीने के अनुमानित बिजली बिल के बराबर अग्रिम राशि पॉवर कंपनी के पास जमा करनी होगी। अब तक क्रेडा, परिवहन और पशुपालन विभाग ने तीन-तीन महीने की अग्रिम बिजली बिल राशि जमा की है। इसके बाद इन विभागों से जुड़े 4,348 सरकारी बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड कर दिया गया है। पॉवर कंपनी को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में दूसरे सरकारी विभाग भी अग्रिम राशि जमा करेंगे और उनके कनेक्शनों को भी चरणबद्ध तरीके से प्रीपेड सिस्टम में शामिल किया जाएगा।