दिल्ली: इस बार आम लोगों के लिए अक्टूबर का महीना कई बदलाव लेकर आया है। दरअसल आज 1 अक्टूबर से देश में 15 बड़े बदलाव लागू हुए हैं। जिसमें डिजिटल पेमेंट्स घरेलू गैस की कीमतों और रेलवे बुकिंग और तक, ये नए नियम सीधे आपके रोजमर्रा की जिंदगी और बजट को प्रभावित करेंगे। खासकर LPG सिलेंडर की बढ़ती कीमतें जहां जेब पर बोझ डालेंगी, वहीं UPI और रेलवे टिकटिंग में नए सुरक्षा नियम धोखाधड़ी रोकने में मदद करेंगे।
'कलेक्ट रिक्वेस्ट' फीचर UPI में बंद:
नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए UPI कलेक्ट रिक्वेस्ट फीचर को बंद कर दिया है। अब कोई भी आपको UPI पर पैसे मांगने की रिक्वेस्ट नहीं भेज पाएगा। यह बदलाव फर्जी ट्रांजैक्शन और स्कैम रोकने के लिए किया गया है। अब दोस्तों-रिश्तेदारों से पैसे मंगाने के लिए सिर्फ ‘Pay’ फीचर का इस्तेमाल करना होगा।
कमर्शियल गैस सिलेंडर महंगा:
तेल विपणन कंपनियों (OMCs) ने कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत 1 अक्टूबर से ₹16.50 तक बढ़ा दी है। दिल्ली में 19 किलो का सिलेंडर अब ₹1,813.50 का हो गया है। मुंबई, चेन्नई और कोलकाता में भी इसी तरह की बढ़ोतरी हुई है। घरेलू 14.2 किलो सिलेंडर की कीमत फिलहाल ₹803 (दिल्ली) ही है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि वैश्विक LPG प्राइस बढ़ने पर आने वाले महीनों में घरेलू सिलेंडर की कीमतें भी बदल सकती हैं। यह बढ़ोतरी सबसे ज्यादा छोटे व्यवसायों, ढाबों और रेस्टोरेंट्स को प्रभावित करेगी।
रिजर्वेशन टिकट बुकिंग में आधार अनिवार्य:
रेलवे ने दलालों और फर्जी बुकिंग पर रोक लगाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब IRCTC पर जनरल (अनारक्षित) टिकट बुकिंग के पहले 15 मिनट सिर्फ आधार-पंजीकृत यूजर्स ही कर सकेंगे।पहले यह नियम केवल Tatkal टिकट पर लागू था। PRS काउंटर से टिकट बुकिंग प्रक्रिया फिलहाल जैसी की तैसी रहेगी। रेलवे मंत्रालय का कहना है कि इससे आम यात्रियों को सीट मिलने में आसानी होगी।
APY, UPS और NPS का बदला फीस:
पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने NPS, UPS, APY और NPS Lite की फीस स्ट्रक्चर में बदलाव किया है। अब निवेशकों को कम शुल्क देना होगा। एक ही PAN से मल्टीपल पेंशन स्कीम में निवेश करना संभव होगा। यह बदलाव रिटायरमेंट प्लानिंग को आसान बनाएगा और आम निवेशकों के लिए फायदेमंद होगा।
RBI की रेपो रेट में होगी कटौती:
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी में रेपो रेट में 0.25% कटौती की संभावना जताई गई है। इससे होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की EMI सस्ती हो सकती है।हालांकि, बैंक तुरंत ब्याज दर अपडेट नहीं करेंगे। यह राहत खासकर मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है।
NPS योगदान में वृद्धि:
नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) में न्यूनतम मासिक योगदान को 500 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये किया गया है। इससे रिटायरमेंट फंड को और मजबूती मिलेगी।
NPS में दो विकल्प उपलब्ध:
टियर-1: टैक्स लाभ के साथ रिटायरमेंट पर केंद्रित।
टियर-2: लचीला निवेश विकल्प, लेकिन टैक्स छूट नहीं।
8. पेंशन स्कीम की नई फीस
PFRDA ने CRA से संबंधित शुल्कों में बदलाव किया है। नया PRAN खोलने के लिए e-PRAN किट पर 18 रुपये शुल्क देना होगा। NPS Lite ग्राहकों के लिए फी स्ट्रक्चर को सरल किया गया है।
इक्विटी निवेश का विकल्प:
गैर-सरकारी NPS निवेशक अब चाहें तो अपनी पूरी राशि इक्विटी में निवेश कर सकते हैं। इसमें रिटर्न की संभावना अधिक है, लेकिन जोखिम भी उतना ही होगा।
मल्टीपल स्कीम फ्रेमवर्क:
अब एक PRAN नंबर के जरिए अलग-अलग CRA की स्कीमों का संचालन किया जा सकेगा। इससे निवेशकों को अधिक विकल्प और बेहतर सेवाएं मिलेंगी।
स्पीड पोस्ट के नए नियम:
डाक विभाग ने स्पीड पोस्ट की दरों और सेवाओं में बदलाव किया है। अब OTP आधारित डिलीवरी, ऑनलाइन बुकिंग और रियल-टाइम ट्रैकिंग की सुविधा उपलब्ध होगी। छात्रों को 10% और नए थोक ग्राहकों को 5% छूट मिलेगी।
RBI की बैठक और रेपो रेट:
1 अक्टूबर को RBI की मौद्रिक नीति समिति की बैठक होगी। यदि रेपो रेट में कटौती होती है, तो होम और कार लोन की EMI कम हो सकती है।
अक्टूबर में बैंक छुट्टियां:
त्योहारी सीजन के कारण अक्टूबर में बैंक कई दिनों तक बंद रहेंगे। गांधी जयंती, दशहरा, दीवाली जैसे त्योहारों के चलते कुल 21 दिन बैंक बंद रह सकते हैं। बाहर निकलने से पहले छुट्टियों की सूची जांच लें।
ऑनलाइन गेमिंग पर सख्ती:
ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों के लिए MeitY से लाइसेंस लेना अनिवार्य होगा। रियल मनी गेमिंग के लिए न्यूनतम आयु 18 वर्ष निर्धारित की गई है।
छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज:
PPF, SCSS और SSY जैसी छोटी बचत योजनाओं की ब्याज दरें हर तिमाही अपडेट होती हैं। 1 अक्टूबर से नई दरें लागू होंगी।