रायपुर: छत्तीसगढ़ में वक्फ बोर्ड ने प्रदेशभर की वक्फ संपत्तियों को लेकर बड़ा एक्शन शुरू कर दिया है। बोर्ड के अनुसार, राज्य में कुल 5723 वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जा पाया गया है, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 5000 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
CBI जांच के लिए भेजा जाएगा प्रस्ताव
पहले केवल रायपुर जिले की करीब 500 करोड़ रुपये की संपत्तियों की जांच कराने का निर्णय लिया गया था, लेकिन अब इस फैसले को बदलते हुए पूरे प्रदेश की वक्फ संपत्तियों की CBI जांच कराने की तैयारी की जा रही है। वक्फ बोर्ड जल्द ही इस संबंध में प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजेगा, जिसके बाद इसे केंद्र सरकार को अग्रेषित किया जाएगा।
कब्जाधारियों को नोटिस जारी
वक्फ बोर्ड ने अवैध कब्जों को हटाने के लिए कार्रवाई तेज कर दी है। सभी कब्जाधारियों को नोटिस भेजे जा चुके हैं, दस्तावेजों की जांच के बाद ही कार्रवाई की गई है, कई मामलों में फर्जी तरीके से संपत्ति बेचने के सबूत मिले हैं।
किराए से करोड़ों की आय का नुकसान
जांच में यह भी सामने आया है कि करीब 2000 संपत्तियां किराएदारों के कब्जे में हैं, ये किराएदार किराया नहीं दे रहे। जहां सालाना 200 करोड़ रुपये की आय हो सकती है, वहां वर्तमान में सिर्फ 5 लाख रुपये ही मिल रहे हैं।
वक्फ बोर्ड का सख्त रुख
वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने स्पष्ट कहा है कि किसी भी हालत में वक्फ संपत्ति पर अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हर जमीन को कब्जा मुक्त कराया जाएगा, फर्जीवाड़ा करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी। उन्होंने यह भी कहा कि जिन लोगों ने वक्फ संपत्ति पर अपना दावा किया है, उनके दावे दस्तावेजों के आधार पर गलत पाए गए हैं।
फर्जी बिक्री के मामले भी सामने आए
जांच के दौरान यह भी खुलासा हुआ है कि कई संपत्तियों को अवैध रूप से बेचा गया। कुछ मामलों में किराएदारों ने ही जमीन बेच दी, और पूरे मामले में बड़े स्तर पर फर्जीवाड़ा हुआ है। वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जे का मामला अब बड़ा कानूनी और प्रशासनिक मुद्दा बनता जा रहा है। CBI जांच के प्रस्ताव के बाद इस मामले में बड़े खुलासे होने की संभावना है और कई लोगों पर कार्रवाई हो सकती है।