भारी बारिश के बाद शहर में बिगड़े हालात को देखते हुए प्रशासन ने 25 अगस्त को Work From Home की एडवाइजरी जारी की है। सरकारी और निजी संस्थानों से अपील की गई है कि वे अपने कर्मचारियों को घर से काम करने की सुविधा दें। प्रशासन का मानना है कि इससे सड़कों पर वाहनों का दबाव कम होगा और जलभराव वाले इलाकों में ट्रैफिक व्यवस्था को संभालने में मदद मिलेगी। एडवाइजरी में लोगों से भी अपील की गई है कि वे बारिश और सड़क की मौजूदा स्थिति को ध्यान में रखते हुए अपनी यात्रा की योजना बनाएं।
भारी बारिश के बाद सड़कों पर भरा पानी
सोमवार को हुई तेज बारिश के बाद कई प्रमुख सड़कों और इलाकों में पानी भर गया। जलभराव के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई और कई स्थानों पर लंबा ट्रैफिक जाम देखने को मिला। दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे के अलावा नरसिंहपुर, हीरो होंडा चौक, राजीव चौक और इफको चौक सहित कई क्षेत्रों में बारिश का व्यापक असर देखने को मिला। पुराने शहर के हिस्सों में भी लोगों को जलभराव के कारण परेशानी का सामना करना पड़ा।
दोपहर तक 70 मिमी बारिश दर्ज
जिला प्रशासन के अनुसार, दोपहर 1:30 बजे तक करीब 70 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। तेज बारिश का असर राजीव चौक, इफको चौक, रेलवे रोड, सेक्टर-5, ओल्ड दिल्ली रोड, महरौली रोड और बसई रोड समेत कई प्रमुख मार्गों पर पड़ा। जलभराव की वजह से कुछ जगहों पर वाहन बीच रास्ते में फंस गए। सोहना रोड पर स्कूल बस और एंबुलेंस के फंसने की भी जानकारी सामने आई।
अंडरपास और पुराने शहर में भी जलभराव
बारिश के कारण नाहरपुर अंडरपास में पानी भर गया। इससे आसपास के रास्तों पर यातायात प्रभावित हुआ। वहीं सदर बाजार, गुरुद्वारा रोड और ओल्ड दिल्ली रोड जैसे इलाकों में भी दोपहर तक जलभराव के कारण ट्रैफिक धीमा रहा। कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें देखी गईं और लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य से अधिक समय लगा।
शीतला माता रोड पर सबसे ज्यादा असर
ट्रैफिक पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, सरहौल बॉर्डर, राजीव चौक और नरसिंहपुर समेत कई स्थानों पर बारिश के दौरान यातायात लगभग थम गया था। हालात को नियंत्रित करने के लिए ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को अलग-अलग स्थानों पर तैनात किया गया। शीतला माता रोड को बारिश से सबसे अधिक प्रभावित इलाकों में बताया गया है।
Work From Home से कम होगा सड़कों पर दबाव
प्रशासन की ओर से जारी एडवाइजरी का उद्देश्य बारिश के बाद सड़कों पर बढ़ने वाले ट्रैफिक को कम करना है। सरकारी और निजी संस्थानों से 25 अगस्त को कर्मचारियों को घर से काम करने की सुविधा देने की अपील की गई है। प्रशासन का कहना है कि इससे सड़कों और नालियों की मरम्मत एवं रखरखाव से जुड़े काम भी कम यातायात के बीच आसानी से किए जा सकेंगे।