भोपाल। मध्य प्रदेश में सरकारी स्कूलों के मेधावी विद्यार्थियों के लिए 16 सितंबर का दिन खास रहने वाला है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव राजधानी भोपाल में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में 7,500 से अधिक छात्र-छात्राओं को मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के तहत ई-स्कूटी की सौगात देंगे। कार्यक्रम का आयोजन शिवाजी नगर स्थित शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में किया जाएगा। सरकार की इस योजना का उद्देश्य शासकीय स्कूलों में पढ़ने वाले प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को उनकी उपलब्धि के लिए सम्मानित करना और उन्हें उच्च शिक्षा के दौरान आवागमन की सुविधा उपलब्ध कराना है।
16 सितंबर को सुबह 10 बजे होगा कार्यक्रम
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के तहत ई-स्कूटी वितरण का राज्य स्तरीय कार्यक्रम 16 सितंबर को सुबह 10 बजे शुरू होगा। भोपाल के शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पात्र विद्यार्थियों को स्कूटी की चाबी सौंपेंगे। इस अवसर पर शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को लाभ दिया जाएगा।
किन विद्यार्थियों को मिलेगी ई-स्कूटी?
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना में सरकारी स्कूलों के ऐसे मेधावी विद्यार्थियों को शामिल किया गया है, जिन्होंने कक्षा 12वीं की परीक्षा में प्रथम प्रयास में कम से कम 70 प्रतिशत अंक हासिल किए हों और अपने स्कूल में प्रथम स्थान प्राप्त किया हो। योजना के दायरे में स्कूल शिक्षा विभाग और जनजातीय कार्य विभाग के शासकीय हायर सेकंडरी स्कूलों में नियमित रूप से अध्ययन करने वाले पात्र विद्यार्थी आते हैं। खास बात यह है कि सभी संकायों के छात्र-छात्राएं निर्धारित पात्रता पूरी करने पर योजना का लाभ ले सकते हैं।
पिछले साल 7,832 विद्यार्थियों को मिला था लाभ
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के तहत पिछले वर्ष भी बड़ी संख्या में मेधावी विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की गई थी। उस दौरान 7,832 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को स्कूटी की चाबी सौंपी गई थी। इस वर्ष भी 7,500 से अधिक विद्यार्थियों को योजना का लाभ मिलने जा रहा है, जिससे सरकारी स्कूलों के मेधावी छात्रों को प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।
अब तक 23 हजार से ज्यादा विद्यार्थी लाभान्वित
मध्य प्रदेश सरकार के अनुसार मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के माध्यम से अब तक 23 हजार से अधिक विद्यार्थियों को लाभ मिल चुका है। योजना के संचालन पर सरकार करीब 246 करोड़ रुपये खर्च कर चुकी है। सरकार का मानना है कि इस तरह की योजनाओं से विद्यार्थियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरणा मिलती है और उनकी मेहनत को सम्मान भी मिलता है।
उच्च शिक्षा के लिए आने-जाने में मिलेगी सुविधा
ई-स्कूटी मिलने से विद्यार्थियों को कॉलेज और अन्य शैक्षणिक संस्थानों तक पहुंचने में सुविधा होगी। खासकर ऐसे छात्रों के लिए यह योजना महत्वपूर्ण है, जिन्हें उच्च शिक्षा के लिए अपने घर से दूर जाना पड़ता है। सरकार का उद्देश्य केवल मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करना ही नहीं, बल्कि उन्हें आगे की पढ़ाई जारी रखने के लिए बेहतर परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना भी है। मुख्यमंत्री स्कूटी योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तौर पर देखी जा रही है।