राजेश सोनी, डबरा: डबरा सिटी थाने में पदस्थ एक आरक्षक ने थाने के पीछे शासकीय क्वार्टर में शुक्रवार की देर रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी लगते ही एसडीओपी सहित आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। फिलहाल फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल की।
बता दे कि मुरैना जिले के पोरसा निवासी राघवेंद्र तोमर मध्य प्रदेश पुलिस में आरक्षक है और करीब 1 साल से वह डबरा के सिटी थाने में पदस्थ हैं। थाना बिल्डिंग के पीछे ही शासकीय क्वार्टर में वह निवास कर रहा था। आज शुक्रवार देर रात उन्होंने अपने शासकीय निवास में पत्नी को वीडियो कॉल किया और by by करते हुए फांसी लगा ली।
बताया जा रहा है कि आरक्षक के भाई मोनू ने जब उन्हें कॉल किया तो आरक्षक ने काफी समय तक अपने भाई का फोन रिसीव नहीं किया। जिसके बाद भाई ने आरक्षक के साथी डबरा थाने में ही पदस्थ आरक्षक मिंटू परिहार को फोन लगाकर कहा कि भाई फोन नहीं उठा रहा है। जिसके बाद मिंटू थाने से निकलकर पीछे बने शासकीय क्वार्टर में पहुंचा तो वहां आरक्षक राघवेंद्र फांसी के फंदे पर झूल रहा था।
जिसके बाद तत्काल घटना की जानकारी एसडीओपी सौरभ कुमार को दी गई तो वह भी घटनास्थल पर पहुंच गए। जहां शासकीय निवास पर गेट के ऊपर लगे कुंदे से आरक्षक ने रस्सी का फंदा बनाया और उस पर झूल गया। फिलहाल ग्वालियर से वरिष्ठ अधिकारी व फॉरेंसिक मौके पर पहुंची पूछताछ जा रही है। साथ ही आरक्षक के परिजनों को भी मौके पर बुलाया गया है। इन सबके आने के बाद ही मृत आरक्षक राघवेंद्र का सब फंदे से उतारकर पीएम के लिए भेजा गया।
बता दे कि फांसी लगाने वाले आरक्षक राघवेंद्र तोमर को अनुकंपा नियुक्ति मिली थी और उसके दो बच्चे भी हैं , डबरा सिटी थाने में यह पहला मामला है जहां एक पुलिसकर्मी द्वारा अपने ही क्वार्टर में फांसी लगाकर आत्महत्या की है।
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