भोपाल। मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता (UCC) के मुद्दे को लेकर मध्य प्रदेश में मुस्लिम समाज और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने आंदोलन की तैयारी शुरू कर दी है। आंदोलन 16 से 20 अगस्त तक चलेगा। जहां 21 लोगों का प्रतिनिधिमंडल प्रत्येक जिले मे कलेक्टर से मुलाकात कर और अपनी बात रखेंगे। जिसकी जानकारी विधायक आरिफ मसूद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिये दी।
21 ससदस्यो का बनाया गया प्रतिनिधिमंडल
आरिफ मसूद ने कहा कि यूसीसी के खिलाफ पूरे प्रदेश में आंदोलन छेड़ा जाएगा। साथ ही 16 से 20 अगस्त तक प्रत्येक जिले में राज्यपाल को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा. खास बात ये है कि 21 ससदस्यो का प्रतिनिधिमंडल होगा जिसमें से 17 महिलाएं होंगी. 21 अगस्त से प्रदेश भर में इसी विषय़ पर संवाद शुरु किया जाएगा. मसूद ने बताया इसमें दूसरी कम्यूनिटी से भी हम संवाद करेंगे.
अधिकारों को बचाने के लिया किया जा रहा आंदोलन
मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य और कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने कहा कि, ''आर्टिकल 25 के तहत के इस देश में सभी धर्मों को अपने धर्म के मुताबिक रहने की आजादी है. लेकिन यूसीसी में जो ड्राफ्ट तैयार किया गया वो सीधा मुसलमानों की इस आजादी को प्रभावित करता है. उस पर पुर्नविचार करना चाहिए. इस पर विस्तार से चर्चा होना चाहिए. हमारे जो अधिकार हैं उन अधिकारों को बचाने के लिए हम पूरे प्रदेश में ये आंदोलन शुरु कर रहे हैं
विधानसभा में संशोधन प्रस्ताव जिक्र से इनकार
आरिफ मसूद ने बताया कि उन्होंने मध्य प्रदेश विधानसभा में UCC से जुड़े मुद्दे पर संशोधन प्रस्ताव दिया था। साथ ही मामले को Select Committee में भेजकर विस्तार से चर्चा कराने की मांग की गई थी। लेकिन सरकार ने मांग को ख़ारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि जब सरकार अपने फैसले पर पुनर्विचार नहीं करती है, तब लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने के लिए जनता के बीच जाना जरूरी हो जाता है।