दिल्ली। भारत के मशहूर फिल्म डाइरेक्टर कुमार साहनी ने दुनिया को अलविदा कह दिया है। फिल्म निर्माता कुमार साहनी का 83 साल की उम्र में निधन हो गया है। साहनी की करीबी दोस्त और अभिनेत्री मीता वशिष्ठ ने यह जानकारी दी है। मीता ने बताया कि निर्देशक का कल रात कोलकाता के एक अस्पताल में निधन हो गया। इस खबर से बॉलीवुड में शोक की लहार दौड़ गई है।
नहीं रहे कुमार साहनी
कुमार साहनी कि मौत कि खबर ने सबको हैरान कर दिया है। इस खबर से बॉलीवुड से लेकर तमाम उनके चाहने वालों के बीच शोक का आलम पैदा हो गया है। कई फिल्मों में साहनी के साथ काम कर चुकी मीता वशिष्ठ ने जानकारी देते हुए कहा 'कल रात लगभग 11 बजे कोलकाता के एक अस्पताल में उम्र से जुड़े हेल्थ इश्यूज की वजह से उनका निधन हो गया। वो बीमार थे और उनकी हेल्थ भी बिगड़ रही थी। ये एक बहुत बड़ी व्यक्तिगत क्षति है। ” अभिनेत्री ने कहा, 'हम उनके परिवार के संपर्क में थे। कुमार और मैं खूब बातें करते थे और मुझे पता था कि वो बीमार हैं और अस्पताल जाते रहते हैं। ''
पैरलल सिनेमा में साहनी का योगदान
पैरलल सिनेमा में कुमार साहनी का योगदान अमिट है। इसे कभी भुलाया नहीं जा सकता है। कुमार साहनी ने भारतीय सिनेमा को कई अविश्मरणीय फिल्मों कि सौगात दी है। 'माया दर्पण', 'चार अध्याय' और 'कस्बा' जैसी फिल्मों का निर्देशन किया था जो तत्काल समय में बहुत लोकप्रिय हुई थी। साहनी को माया दर्पण के लिए हिंदी में सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी दिया गया था। इनकी मौत की खबर से बॉलीवुड से लेकर इनके तमाम चाहने वालो के बीच दुःख का माहौल है।