जर्नादन तिवारी, सीधी : रेलवे स्टॉपेज और भदौरा गांव में स्टेशन की मांग को लेकर आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र में बड़ा आंदोलन देखने को मिला। जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर स्थित भदौरा गांव में महिलाओं सहित हजारों ग्रामीण रेलवे लाइन की पटरी पर बैठकर प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलन को स्थानीय नेता आनंद सिंह दद्दुआ का समर्थन प्राप्त है, जिससे आंदोलन और तेज हो गया है।
मांगें पूरी नहीं, ग्रामीणों में रोष
ग्रामीणों का कहना है कि सिंगरौली से कटनी सहित अन्य क्षेत्रों को जाने वाली ट्रेनों के ठहराव और स्टेशन निर्माण की मांग को लेकर वे पिछले कई वर्षों से संघर्ष कर रहे हैं। इससे पहले भी कई बार आंदोलन किए गए, लेकिन हर बार रेलवे अधिकारियों द्वारा केवल आश्वासन देकर आंदोलन समाप्त करा दिया गया। बार-बार पत्राचार और ज्ञापन देने के बावजूद मांगें पूरी नहीं होने से ग्रामीणों में गहरा रोष है।
रेल पटवरी पर बैठी महिलाएं
आक्रोशित ग्रामीणों ने आज भदौरा रेलवे स्टेशन पर एकजुट होकर रेलवे पटरी पर बैठकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। आंदोलन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल हैं, जो अपने क्षेत्र के विकास और आवागमन की सुविधा के लिए आवाज बुलंद कर रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि स्टेशन और ट्रेन स्टॉपेज नहीं होने से उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के लिए दूर-दराज के इलाकों में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
जारी रहेगा आंदोलन...
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की है। कई थानों का पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया है और संबंधित थाना प्रभारी स्वयं स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन की कोशिश है कि कानून-व्यवस्था बनी रहे, वहीं आंदोलनकारियों का कहना है कि जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।