नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट के दो युवा सितारों शुभमन गिल और शेफाली वर्मा को सितंबर 2026 के लिए ICC प्लेयर ऑफ द मंथ चुने जाने की खबर ने क्रिकेट जगत में चर्चा बढ़ा दी है। पुरुष क्रिकेट में गिल ने वेस्टइंडीज के खिलाफ बल्ले से शानदार प्रदर्शन किया, जबकि महिला क्रिकेट में शेफाली ने बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में अपनी प्रतिभा दिखाई। दोनों खिलाड़ियों के प्रदर्शन ने उन्हें इस प्रतिष्ठित सम्मान की दौड़ में आगे रखा।
शुभमन गिल की ऐतिहासिक पारी ने खींचा सबका ध्यान
शुभमन गिल ने वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में अपने आक्रामक अंदाज से क्रिकेट प्रेमियों को प्रभावित किया। सीरीज के शुरुआती दो मुकाबलों में उन्होंने कुल 333 रन बनाए। इस दौरान उनके बल्ले से एक शतक और एक नाबाद दोहरा शतक निकला। पहले वनडे में गिल ने 108 गेंदों पर 110 रन की पारी खेली। उनकी इस पारी ने भारत को लक्ष्य का पीछा करने में मजबूत आधार दिया। इसके बाद दूसरे मुकाबले में उन्होंने अपने प्रदर्शन को एक नए स्तर पर पहुंचा दिया। गुवाहाटी में खेले गए मैच में गिल ने 133 गेंदों पर नाबाद 223 रन बनाए। उनकी पारी में 26 चौके और आठ छक्के शामिल रहे। इस विस्फोटक बल्लेबाजी की बदौलत भारतीय टीम ने 406 रन का लक्ष्य हासिल करते हुए आठ विकेट से जीत दर्ज की।
गिल और रोहित शर्मा के बीच रिकॉर्ड साझेदारी
वेस्टइंडीज के खिलाफ इस मुकाबले में रोहित शर्मा ने भी शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने 75 गेंदों पर 101 रन बनाए। दोनों बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 255 रन जोड़े, जो भारतीय जमीन पर वनडे क्रिकेट में भारत की सबसे बड़ी सलामी साझेदारियों में शामिल रही। गिल ने अपनी पारी के दौरान तेजी से रन बनाते हुए दोहरा शतक पूरा किया। उनकी बल्लेबाजी ने वनडे क्रिकेट में बड़े लक्ष्य का पीछा करने की भारत की क्षमता को एक बार फिर प्रदर्शित किया। सितंबर के दौरान गिल की निरंतरता और बड़े मैचों में जिम्मेदारी निभाने की क्षमता उनके प्रदर्शन की प्रमुख विशेषता रही।
पांचवीं बार ICC प्लेयर ऑफ द मंथ बने शुभमन गिल
शुभमन गिल के लिए यह सम्मान उनके करियर की एक और बड़ी उपलब्धि है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इससे पहले वह जनवरी 2023, सितंबर 2023, फरवरी 2025 और जुलाई 2025 में भी ICC मेन्स प्लेयर ऑफ द मंथ का पुरस्कार जीत चुके हैं। पांचवीं बार यह सम्मान हासिल करना उनके अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लगातार बेहतर प्रदर्शन का संकेत है। गिल ने घरेलू दर्शकों के सामने रन बनाने और टीम को सफल रन चेज में योगदान देने को खास अनुभव बताया।
शेफाली वर्मा ने बल्ले और गेंद से दिखाया दम
भारतीय महिला टीम की युवा बल्लेबाज शेफाली वर्मा ने सितंबर में अपने ऑलराउंड प्रदर्शन से खास पहचान बनाई। उन्होंने सात टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 360 रन बनाने के साथ छह विकेट भी हासिल किए। उनकी बल्लेबाजी में आक्रामकता और तेजी नजर आई। वहीं, ऑफ स्पिन गेंदबाजी से उन्होंने टीम को अहम मौकों पर सफलता दिलाई। शेफाली का गेंदबाजी औसत 13 और इकॉनमी रेट 4.33 रहा। यह शेफाली के लिए ICC विमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ पुरस्कार की दूसरी जीत बताई गई है। इससे पहले नवंबर 2025 में भी उन्हें यह सम्मान मिला था।
महिला एशिया कप में शेफाली रहीं भारत की प्रमुख बल्लेबाज
महिला एशिया कप में शेफाली वर्मा ने भारतीय टीम की ओर से शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने पांच पारियों में कुल 236 रन बनाए और टूर्नामेंट में भारत की सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज रहीं। बांग्लादेश के खिलाफ सेमीफाइनल में उन्होंने 64 रन की उपयोगी पारी खेली। इसके बाद फाइनल में श्रीलंका के खिलाफ 68 रन बनाकर टीम को खिताबी जीत दिलाने में अहम योगदान दिया। भारतीय महिला टीम ने इस जीत के साथ एशिया कप का आठवां खिताब अपने नाम किया। शेफाली की आक्रामक बल्लेबाजी ने टीम को पूरे टूर्नामेंट में मजबूती प्रदान की।
एशियन गेम्स में शतक लगाकर रचा नया इतिहास
एशिया कप के बाद शेफाली वर्मा ने एशियन गेम्स में भी अपना शानदार फॉर्म जारी रखा। जापान के नागोया में आयोजित प्रतियोगिता में उन्होंने तीन पारियों में 188 रन बनाए।बांग्लादेश के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में शेफाली ने महज 49 गेंदों पर नाबाद 100 रन की पारी खेली। इसे उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का पहला शतक बताया गया है। उनकी इस पारी ने भारतीय टीम को फाइनल में पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। स्वर्ण पदक के मुकाबले में भी शेफाली ने बल्ले से 48 रन बनाए और गेंदबाजी करते हुए दो विकेट हासिल किए। भारत ने श्रीलंका को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस तरह शेफाली ने सितंबर के दौरान बल्लेबाजी के साथ गेंदबाजी में भी उपयोगी योगदान दिया और अपनी बहुमुखी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
अवॉर्ड मिलने पर क्या बोले शुभमन गिल और शेफाली वर्मा?
शुभमन गिल ने पुरस्कार मिलने पर खुशी जताते हुए घरेलू मैदान पर अच्छा प्रदर्शन करने और टीम की जीत में योगदान देने को संतोषजनक बताया। उन्होंने वनडे क्रिकेट में तेजी से बदलते खेल के स्वरूप का जिक्र करते हुए परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालने की जरूरत पर भी जोर दिया। वहीं, शेफाली वर्मा ने दूसरी बार ICC का यह सम्मान मिलने को अपने लिए खास उपलब्धि बताया। उन्होंने एशिया कप और एशियन गेम्स में भारत की सफलता में योगदान देने पर संतोष व्यक्त किया। शेफाली ने आगामी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों को लेकर भी उत्साह जताया। उनके मुताबिक, बड़े टूर्नामेंट में खेलने और भारतीय टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन करने की प्रेरणा उन्हें लगातार बेहतर करने के लिए प्रोत्साहित करती है।
भारतीय क्रिकेट के लिए क्यों खास है यह उपलब्धि?
शुभमन गिल और शेफाली वर्मा को एक ही महीने में ICC के व्यक्तिगत पुरस्कार मिलना भारतीय क्रिकेट की प्रतिभा और प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को दर्शाता है। गिल ने पुरुष वनडे क्रिकेट में बड़े स्कोर के जरिए अपनी बल्लेबाजी का दम दिखाया, जबकि शेफाली ने महिला क्रिकेट में बल्ले और गेंद दोनों से प्रभाव छोड़ा। दोनों खिलाड़ियों का प्रदर्शन यह बताता है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निरंतरता, दबाव में बेहतर खेल और टीम की जीत में योगदान किसी भी खिलाड़ी की सफलता के महत्वपूर्ण आधार हैं। शुभमन गिल की बड़ी पारियों और शेफाली वर्मा के ऑलराउंड प्रदर्शन ने उन्हें चर्चा के केंद्र में ला दिया है। दोनों खिलाड़ियों की उपलब्धियां भारतीय क्रिकेट के लिए उत्साह बढ़ाने वाली हैं और आने वाले मुकाबलों में उनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।