MP Nigam Mandal Niyukti : मध्य प्रदेश में निगम-मंडलों और प्राधिकरणों में लंबे समय से अटकी नियुक्तियों को लेकर अब तस्वीर साफ होती नजर आ रही है। संघ और संगठन की सहमति के बाद मोहन सरकार पहली सूची जारी करने के बेहद करीब पहुंच गई है। सूत्रों के मुताबिक, प्रदेश के 12 से अधिक बड़े निगम-मंडलों और प्राधिकरणों के अध्यक्षों के नाम लगभग तय हो चुके हैं और इन पर दिल्ली से भी हरी झंडी मिल चुकी है।
बैठकों का दौर, बनी सहमति!
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और संघ पदाधिकारियों के बीच कई दौर की बैठकों के बाद इन नामों पर अंतिम सहमति बनी है। ऐसे में नियुक्ति संबंधी आदेश कभी भी जारी किए जा सकते हैं। पार्टी सूत्रों की माने तो इसी सप्ताह में पहली सूची जारी की जा सकती है। पहली सूची में पूर्व मंत्रियों के नाम शामिल हो सकते है। खबर तो यह भी है कि सूची में कुछ पूर्व जिला अध्यक्षों को भी शामिल किया जा सकता है।
संभावित सूची आई सामने!
सूत्र बताते हैं कि संभावित अध्यक्षों की इस सूची में पूर्व मंत्री अरविंद सिंह भदौरिया, कमल पटेल, रामनिवास रावत, और इमरती देवी सहित कुल 12 नेताओं के नाम शामिल हैं। हालांकि, रामनिवास रावत को लेकर स्थिति थोड़ी अलग बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि उन्होंने निगम-मंडल में जिम्मेदारी लेने से फिलहाल इनकार किया है। इसके पीछे विजयपुर विधानसभा सीट से जुड़े उपचुनाव और उससे संबंधित न्यायिक प्रक्रिया को वजह माना जा रहा है।
संभावित सूची में पूर्व विधायक ध्रुव नारायण सिंह, भाजपा नेता चेतन सिंह, ओम जैन, अशोक जादौन और अनूप भदौरिया के नाम भी शामिल हो सकते हैं। वहीं, भोपाल विकास प्राधिकरण (BDA) की जिम्मेदारी चेतन सिंह को और इंदौर विकास प्राधिकरण (IDA) की कमान हरिनारायण सिंह को मिलने की संभावना जताई जा रही है। अपेक्स बैंक के अध्यक्ष पद पर भी नाम लगभग तय माना जा रहा है।
विधायकों को भी मौक?
इसके अलावा, सूत्रों का कहना है कि ऐसे विधायक जिनके लिए मंत्री पद की मांग थी लेकिन जिन्हें मंत्रिमंडल में स्थान नहीं मिला, उन्हें अब निगम-मंडलों या प्राधिकरणों में बड़ी जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। इनमें शैलेंद्र कुमार जैन, प्रदीप लारिया, अजय बिश्नोई और अर्चना चिटनीस जैसे नाम चर्चा में हैं।
एल्डरमैनों की भी होगी नियुक्तियां!
निगम-मंडलों की पूरी सूची को लेकर पार्टी सूत्रों का कहना है कि फरवरी 2026 में एक और बड़ी सूची जारी की जा सकती है, जिसमें छोटे-बड़े सभी निगम, प्राधिकरण और समितियों को शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही सरकार और संगठन कॉलेजों की जनभागीदारी समितियों और नगर निकायों में एल्डरमैन की नियुक्ति को लेकर भी जल्द फैसला ले सकते हैं।