दतिया : दतिया उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा को टिकट नहीं मिलने के चलते कार्यकर्ताओं में जहां आक्रोश है। तो वही दूसरी तरफ प्रशासन ने जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए धारा-163 लागू कर दिया है। जिसके चलते अब प्रशासन के बिना अनुमति के कोई भी व्यक्ति शहर में सभा, जुलूस, रैली या प्रदर्शन आयोजित नहीं कर सकता है।
पांच से अधिक लोग एक स्थान पर नही हो सकते एकत्र
आदेश के तहत सार्वजनिक स्थानों पर लाठी, तलवार, भाला, फरसा, चाकू सहित अन्य घातक हथियार लेकर चलने पर प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा पांच या उससे अधिक लोगों के एक स्थान पर एकत्र होने पर भी रोक लगाई गई है।
लाउडस्पीकर पर भी लगा बैन
इसके साथ ही सोशल मीडिया, पोस्टर, बैनर, नारे और भाषण के माध्यम से सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने या कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली सामग्री के प्रचार-प्रसार पर भी प्रतिबंध रहेगा। बिना अनुमति लाउडस्पीकर और अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग भी नहीं किया जा सकेगा।
मिश्रा ने की भावुक अपील
इधर, टिकट नहीं मिलने के चलते क्षेत्र में बढ़ते बवाल को देखते हुए पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने कार्यकर्ताओं से की शांत रहने की अपील की है. मिश्रा ने बयान जारी करते हुए कहा कि- यह पार्टी का फैसला है, मैं विस्तार से कह रहा हूं कि यह पार्टी का निर्णय है और हमें इसका सम्मान करना है। सोशल मीडिया पर कार्यकर्ताओं द्वारा पेट्रोल या मिट्टी का तेल डालने के जो विजुअल फुटेज आ रहे हैं, वे विचलित करने वाले हैं।
आत्मघाती कदम न उठाएं
कार्यकर्ताओं से निवेदन है कि ऐसा कोई भी आत्मघाती कदम न उठाएं। जैसा मैंने कल भी कहा था, न तो मार्ग अवरुद्ध करना है और न ही चक्काजाम। अपनी बात कहने का एक तरीका होता है। पार्टी के फोरम पर अपनी बात सही तरीके से कही जाती है, इस तरह सड़कों पर उग्र होकर व्यक्त नहीं की जाती।
दोबारा उम्मीदवार न बनाए जाने से नाराज कार्यकर्ता
दतिया उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा को दोबारा उम्मीदवार न बनाए जाने से नाराज कार्यकर्ताओं और स्थानीय व्यापारियों का आक्रोश चरम पर है। इसी के चलते शुक्रवार देर शाम पूर्व गृह मंत्री के समर्थन में दतिया के स्थानीय व्यापारियों ने अपने-अपने प्रतिष्ठान और बाजार पूरी तरह बंद कर दिए हैं। दतिया और डबरा में हजारों की संख्या में आक्रोशित कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए हैं। जगह-जगह मुख्य मार्गों पर चक्काजाम कर दिया गया है, जिससे यातायात पूरी तरह ठप है।