सक्ति के समीप स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण हादसे के बाद स्थिति अब भी गंभीर बनी हुई है। इस दुर्घटना में घायल श्रमिकों का इलाज जारी है, वहीं मृतकों की संख्या बढ़कर 20 तक पहुंच गई है। हादसे के बाद से ही प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड में है।
20 श्रमिकों की हो चुकी है मौत
जानकारी के अनुसार, इस हादसे में अब तक कुल 20 मजदूरों की जान जा चुकी है। इनमें से 18 श्रमिकों की मौत रायगढ़ के विभिन्न अस्पतालों में इलाज के दौरान हुई, जबकि 2 अन्य श्रमिकों ने राजधानी रायपुर में दम तोड़ा। यह घटना क्षेत्र में गहरी चिंता और शोक का कारण बनी हुई है।
11 घायल श्रमिकों का चल रहा इलाज
हादसे में घायल 11 श्रमिकों का रायगढ़ के अलग-अलग अस्पतालों में उपचार जारी है। इनमें से कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है और बेहतर इलाज उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
शवों की शिनाख्त और पोस्टमार्टम जारी
घटना के तीसरे दिन भी मृत श्रमिकों के शवों की पहचान और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया जारी है। बताया जा रहा है कि मृतकों में अधिकांश मजदूर पश्चिम बंगाल और झारखंड के रहने वाले हैं।
बुधवार को परिजनों के समय पर नहीं पहुंच पाने के कारण पांच शवों का पोस्टमार्टम नहीं हो सका था। हालांकि गुरुवार सुबह से परिजनों के पहुंचने के बाद पहचान और पीएम की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। पोस्टमार्टम के बाद शवों को उनके गृह राज्यों के लिए रवाना किया जाएगा।
प्रशासन ने दिए बेहतर इलाज के निर्देश
जिला प्रशासन की ओर से घायलों के इलाज को लेकर विशेष निर्देश जारी किए गए हैं। रायगढ़ के एसडीएम महेश शर्मा ने बताया कि अस्पताल प्रबंधन को घायलों को बेहतर से बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, उनकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है।
हादसे के बाद मचा हड़कंप
इस दर्दनाक हादसे ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। एक ही घटना में इतनी बड़ी संख्या में श्रमिकों की मौत से लोगों में आक्रोश और दुख दोनों है। प्रशासन की टीमें राहत और बचाव कार्य के साथ-साथ प्रभावित परिवारों को सहायता पहुंचाने में जुटी हुई हैं।