इंदौर : मध्य प्रदेश सहित देशभर में बढ़ते वजन और मोटापा की वजह से हर दूसरा इंसान परेशान है। लगातार बढ़ते मोटापे को कम करने के लिए लोग जहां दिन रात कसरत और व्यायाम कर रह है। तो वही दूसरी तरफ इंदौर में मोटापा क्लिनिक की शुरुआत की गई है। जहां लोगों का इलाज निशुल्क होगा। साथ ही मरीज़ों के खान-पान और लाइफस्टाइल के बारे में स्पेशल काउंसलिंग भी दी जाएगी।
मोटापा तेजी से गंभीर सामाजिक समस्या बनता जा रहा
बता दें कि प्रदेश के सबसे बड़े शासकीय एमवाय अस्पताल में सोमवार से बेरियेट्रिक (मोटापा) और मेटाबोलिक क्लिनिक की शुरुआत की गई। जिसका उद्घाटन संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े द्वारा किया गया। इधर, क्लिनिक शुरू होने को लेकर खाड़े ने कहा कि, मोटापा तेजी से गंभीर सामाजिक समस्या बनता जा रहा है। इसके कारण मधुमेह, उच्च रक्तचाप और अन्य बीमारियां बढ़ रही हैं। बदलती जीवनशैली और गलत खान-पान इसकी बड़ी वजह हैं।
निशुल्क किया जाएगा इलाज
लेकिन अब आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र मरीजों का इलाज निशुल्क किया जाएगा। जहां निजी अस्पतालों में इस सर्जरी का खर्च 4 से 5 लाख रुपए तक आता है। वहीं, अब ये सुविधा एमवाय में मुफ्त उपलब्ध होगी। क्लिनिक में मरीजों की जांच, काउंसलिंग और जरूरत पड़ने पर सर्जरी की सुविधा एक ही स्थान पर मिलेगी।
राज्य का पहला सरकारी मोटापा क्लिनिक
दरअसल, एमवाय हॉस्पिटल में पहली बार सरकारी बैरिएट्रिक और मेटाबोलिक क्लिनिक की शुरूआत हुई है। यह राज्य का पहला सरकारी मोटापा क्लिनिक है। जहां मरीजों का मुफ्त इलाज आयुष्मान भारत स्कीम के तहत किया जायेगा। जबकि प्राइवेट हॉस्पिटल में ऐसी सर्जरी के लिए 4-5 लाख रुपये लगते हैं। क्लिनिक में टेस्टिंग, काउंसलिंग और सर्जरी सब एक ही जगह पर होगी। तो वही इस पहल से मोटापा, डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर से परेशान मरीज़ों को काफी राहत मिलेगी। डॉक्टरों के मुताबिक मोटापा एक मेटाबोलिक बीमारी है जिसका समय पर इलाज ज़रूरी है.