हेमंत गोस्वामी, ओरछा: मध्यप्रदेश के बुंदेलखंड अंचल के लिए स्वास्थ्य क्षेत्र में एक नई क्रांति की शुरुआत हो चुकी है। धार्मिक नगरी ओरछा में स्थित यथार्थ सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल ने कैंसर और हृदय रोग जैसी जानलेवा बीमारियों के परमानेंट इलाज का जिम्मा उठा लिया है। अस्पताल प्रबंधन ने एलान किया है कि अब क्षेत्र के मरीजों को बड़े महानगरों में जाकर लाखों रुपये फूंकने और लंबी कतारों में लगने की कोई जरूरत नहीं होगी। दिल्ली-एनसीआर के अनुभवी सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर अब खुद चलकर ओरछा आएंगे।
महीने के फिक्स दिन मिलेगी सेवा
यथार्थ हॉस्पिटल जीएम विकाश कौसिक के मुताबिक, अब हर महीने के दूसरे शुक्रवार को दिल्ली के विख्यात कैंसर रोग विशेषज्ञ और सीनियर कार्डियोलॉजिस्ट ओरछा स्थित अस्पताल में मौजूद रहेंगे। इस ओपीडी के माध्यम से न केवल मरीजों का परीक्षण और परामर्श होगा, बल्कि कैंसर की कीमोथेरेपी, टारगेटेड थेरेपी और दिल की एंजियोग्राफी व एंजियोप्लास्टी जैसी प्रक्रियाओं को भी स्थानीय स्तर पर ही अंजाम दिया जाएगा।
अस्पताल प्रबंधन का दावा है कि आगामी 6 महीने के अंदर ओरछा के इसी यथार्थ हॉस्पिटल परिसर में मध्य प्रदेश का सबसे बड़ा और सर्वसुविधायुक्त कैंसर चिकित्सालय बनकर पूरी तरह तैयार हो जाएगा। इस नए विंग में दुनिया की सबसे आधुनिक कैंसर डायग्नोसिस मशीनें, इंस्टॉल की जाएंगी, जो पूरे बुंदेलखंड में कहीं उपलब्ध नहीं हैं।
मरीजों को मिलेगा आर्थिक संबल
स्थानीय लोगों का कहना है कि निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सागर और झांसी जिलों के गरीबों के लिए यह अस्पताल किसी वरदान से कम नहीं होगा। अब तक समय पर सही इलाज न मिलने और दिल्ली-मुंबई के सफर का खर्च न उठा पाने के कारण दम तोड़ने वाले सैकड़ों मरीजों को नया जीवनदान मिलेगा।