रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस के नवनियुक्त प्रदेश प्रभारी सुखदेव भगत 27 सितंबर से प्रदेश के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे। उनके दौरे को लेकर कांग्रेस संगठन में तैयारियां तेज हैं। पार्टी की ओर से प्रदेश पदाधिकारियों, वरिष्ठ नेताओं और संगठन से जुड़े विभिन्न नेताओं के साथ बैठकें प्रस्तावित हैं।
पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने सुखदेव भगत के छत्तीसगढ़ दौरे को लेकर कहा कि उनके स्वागत के लिए प्रदेश के अलग-अलग जिलों से कांग्रेस कार्यकर्ता पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं में काफी उत्साह है। खास तौर पर आदिवासी क्षेत्रों के कार्यकर्ताओं में सुखदेव भगत के दौरे को लेकर उत्सुकता है।
संगठन को लेकर लगातार होंगी बैठकें
अमरजीत भगत के मुताबिक, प्रदेश प्रभारी अपने दौरे के दौरान PCC पदाधिकारियों के साथ-साथ जिला कांग्रेस कमेटियों और कांग्रेस के विभिन्न आनुषंगिक संगठनों के प्रमुख पदाधिकारियों से मुलाकात करेंगे।
उन्होंने कहा कि अनुशासन समिति की बैठक भी हो चुकी है और आने वाले दिनों में संगठन से जुड़े कई स्तरों पर चर्चा होगी। उनके अनुसार सुखदेव भगत का कार्यक्रम काफी व्यस्त रहने वाला है और तीन दिनों तक लगातार बैठकों के जरिए संगठन से जुड़े विषयों पर मंथन किया जाएगा।
सुखदेव भगत को सितंबर की शुरुआत में छत्तीसगढ़ कांग्रेस का नया प्रभारी नियुक्त किया गया था। जिम्मेदारी संभालने के बाद उनका यह पहला छत्तीसगढ़ दौरा है।
बीजेपी के बयान पर अमरजीत भगत का पलटवार
बीजेपी नेता और झारखंड के सह-प्रभारी सौरभ सिंह के बयान को लेकर भी अमरजीत भगत ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि बीजेपी के नेताओं को अपनी पार्टी के अंदर की स्थिति के बारे में जानकारी है, इसलिए उन्हें कांग्रेस के बारे में इस तरह की बातें नहीं करनी चाहिए।
अमरजीत भगत ने कहा कि बीजेपी की ओर से भी वरिष्ठ नेता छत्तीसगढ़ के दौरे पर आने वाले हैं और उनका भी स्वागत है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी के संबंधित नेता छत्तीसगढ़ में आने में देर कर चुके हैं और राज्य में पार्टी की बुनियाद को लेकर सवाल उठाए।
जूनियर डॉक्टरों के मुद्दे पर भी निशाना
जूनियर डॉक्टरों और MBBS डॉक्टरों की मांगों को लेकर पूर्व मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि असहमति को सुनने और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की जरूरत है।
उनके बयान के मुताबिक, सरकार को पहले डॉक्टरों की मांगें सुननी चाहिए थीं और बातचीत के जरिए बीच का रास्ता निकालना चाहिए था। उन्होंने बीजेपी सरकार पर तानाशाही का आरोप लगाया।
SIR को लेकर राहुल गांधी के आरोपों पर अमरजीत भगत का बयान
SIR को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा लगाए जा रहे आरोपों के सवाल पर अमरजीत भगत ने कहा कि राहुल गांधी शुरुआत से ही कथित 'वोट चोरी' का मुद्दा उठा रहे हैं।
अमरजीत भगत ने चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। ये उनके राजनीतिक आरोप हैं; चुनाव आयोग SIR प्रक्रिया को लेकर अपने आदेशों और संवैधानिक प्रक्रिया का हवाला देता रहा है।
झीरम मामले के पीड़ितों की राहुल गांधी से मुलाकात
वहीं झीरम घाटी मामले से जुड़े वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं और पीड़ित परिवारों के दिल्ली जाने की जानकारी भी सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक, झीरम घाटी मामले के पीड़ित परिवार 26 सितंबर को दिल्ली में राहुल गांधी से मुलाकात करेंगे। बैठक में NIA कोर्ट के फैसले, आगे की कानूनी प्रक्रिया और परिवारों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा प्रस्तावित है।
अमरजीत भगत ने कहा कि कांग्रेस नेताओं और झीरम मामले से जुड़े लोगों की राहुल गांधी से होने वाली मुलाकात महत्वपूर्ण होगी। उन्होंने संकेत दिया कि इस दौरान मामले से जुड़े अहम विषयों और आगे की रणनीति पर चर्चा हो सकती है।