रीवा : मध्य प्रदेश के रीवा स्थिति संजय गांधी अस्पताल में एक बार फिर आउटसोर्स कर्मचारी वेतन भुगतान की मांग को लेकर हड़ताल पर चले गए है। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें पिछले दो महीने से वेतन नहीं मिला है। दीपावली का त्योहार नजदीक है, लेकिन वेतन नहीं मिलने से कर्मचारियों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इसी के चलते कर्मचारियों ने प्रशासन के सामने हल्ला बोल शुरू कर दिया है।
अस्पताल की सेवाएं रही प्रभावित
इधर, वेतन भुगतान की मांग को लेकर कर्मचारियों द्वारा किए हड़ताल के चलते मंगलवार को न सिर्फ अस्पताल की सेवाएं प्रभावित रही। बल्कि मरीजों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कर्मचारियों ने बताया कि अस्पताल में दो आउटसोर्स कंपनियों के माध्यम से कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं। संबंधित कंपनी पिछले तीन वर्षों से कर्मचारियों के साथ मनमानी कर रही है।
समय पर मेहनताना नहीं मिल रहा
कर्मचारियों का कहना है कि वे दिन-रात अस्पताल में मरीजों की सेवा करते हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें समय पर मेहनताना नहीं मिल रहा है।
कर्मचारियों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही और तानाशाही का आरोप लगाते हुए जल्द से जल्द दो महीने का बकाया वेतन जारी करने की मांग की है। हड़ताल में वार्ड बॉय, सफाई कर्मचारी और सिक्योरिटी गार्ड सहित अन्य आउटसोर्स कर्मचारी शामिल रहे।
नौकरी से निकालने की दी जाती है धमकी
कर्मचारियों का कहना है कि दीपावली जैसे त्योहार के समय पूरा वेतन नहीं मिलने से परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो रहा है। उनका आरोप है कि कंपनी की कार्यप्रणाली के खिलाफ आवाज उठाने वाले कर्मचारियों को नौकरी से निकालने और आपराधिक प्रकरण दर्ज कराने तक की धमकी दी जाती है। ऐसे में अब सवाल यह है कि मरीजों की सेवा में जुटे इन कर्मचारियों को अपने ही मेहनत के पैसे के लिए आखिर कब तक इंतजार करना पड़ेगा? क्या दीपावली से पहले अस्पताल प्रबंधन इनका बकाया वेतन जारी करेगा?