गोंदिया : मध्य प्रदेश सहित देशभर में जहां धर्म परिवर्तन का खेल चल रहा है। तो वही महाराष्ट्र के गोंदिया जिले के आमगांव में एक मुस्लिम महिला ने अपने दो बच्चों क साथ मुस्लिम धर्म त्याग सनातन धर्म अपनाया। इस बता की जानकारी खुद बगेश्वर महाराज ने दी। इतना ही नहीं पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने सभी का हिन्दू धर्म अपनाने पर तिलक लगाकर स्वागत किया।
प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत किया गया धर्म परिवर्तन
बता दें कि इन दिनों महाराष्ट्र के गोंदिया जिले के आमगांव में बागेश्वर महाराज की श्रीराममय हनुमान चालीसा कथा चल रही है। जहां कथा के चौथे दिन विराम आरती से पूर्व गोंदिया नगर की निवासी एक मुस्लिम महिला ने अपने दोनों बच्चों के साथ स्वेच्छा से सनातन धर्म अपनाया। बागेश्वर महाराज ने महिला और उसके दोनों बच्चों को मंच पर बुलाया और उपस्थित श्रद्धालुओं को जानकारी दी कि इनका धर्म परिवर्तन मंच पर आने से पूर्व प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत नोटरी शपथ पत्र पर, पूरी निष्पक्षता और वैधानिक तरीके से संपन्न किया गया है। इसके पश्चात समाज के समक्ष बागेश्वर महाराज ने कथा मंच से सनातन धर्म अपनाने पर तीनों का स्वागत किया।
बागेश्वर महाराज ने महिला - बच्चों का किया सनातन धर्म में स्वागत
इस अवसर पर बागेश्वर महाराज ने महिला और उसके दोनों बच्चों का तिलक कर, पट्टिका पहनाकर सनातन धर्म में विधिवत स्वागत किया,महिला का पूर्व नाम परवीन मौसिम शेख, पुत्री का नाम जुमेरा मोशीन शेख तथा पुत्र का नाम रजा मौसिन शेख था। सनातन धर्म अपनाने के बाद महिला का नाम जया जैकी दास, पुत्र का नाम राजू जैकी दास और पुत्री का नाम जय श्री जैकी दास रखा गया।
मुस्लिम समाज में रहकर सहज अनुभव नहीं होता
जया जैकी दास ने मंच से बताया कि उन्हें मुस्लिम समाज में रहकर सहज अनुभव नहीं होता था। उन्होंने कहा कि वे लंबे समय से बाबा महाकाल और मां काली की उपासना करती आ रही हैं,उन्होंने बताया कि वे अपने पुत्र को मां काली की कृपा मानती हैं और उनका पुत्र भी नियमित रूप से मां काली की पूजा करता है। बीते कुछ महीनों से वे बागेश्वर महाराज के प्रवचन और वीडियो देख रही थीं। जैसे ही उन्हें आमगांव में कथा की जानकारी मिली, वे स्वयं संपर्क कर कथा स्थल पर पहुंचीं और बिना किसी दबाव या भय के स्वेच्छा से सनातन धर्म अपनाया।।