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पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप 2026 में भारत का दबदबा, 22 स्वर्ण के साथ पदक तालिका में टॉप पर

पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप 2026 में भारत का दबदबा, 22 स्वर्ण के साथ पदक तालिका में टॉप पर

World Yogasana Championship 2026:  मेजबान भारत ने रायपुर के ईकेए एरीना में आयोजित पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप 2026 के तीसरे दिन भी अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखा। भारत ने अब तक कुल 22 स्वर्ण, 1 कांस्य पदक और 5 रजत जीतकर पदक तालिका में अपनी बढ़त और मजबूत कर ली है। भारतीय खिलाड़ियों ने लगभग सभी आयु वर्गों और स्पर्धाओं में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए योगासन को एक वैश्विक खेल के रूप में स्थापित करने की दिशा में मजबूत संदेश दिया है।

रितु मंडल ने रचा इतिहास, दो स्वर्ण जीतकर बनीं स्टार

प्रतियोगिता में पश्चिम बंगाल की खिलाड़ी रितु मंडल ने ऐतिहासिक प्रदर्शन किया। उन्होंने सीनियर-ए महिला पारंपरिक योगासन में स्वर्ण पदक जीतने के बाद टीम स्पर्धा में भी स्वर्ण अपने नाम किया। विश्व योगासन चैंपियनशिप में इस उपलब्धि के साथ वह दो स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गईं। रितु मंडल ने अपनी जीत पर कहा  इसका श्रेय अपने कोच, परिवार और समर्थकों को दिया।उन्होंने आगे कि यह उपलब्धि उनके लिए सपने के सच होने जैसी है। 

अर्जेंटीना की खिलाड़ी का दमदार प्रदर्शन

प्रतियोगिता में अर्जेंटीना की नाबिला सोल बराज़ा ने भी शानदार प्रदर्शन जारी रखा।  महिला वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर उन्होंने ट्विस्टिंग बॉडी सीनियर-ए तीन दिनों में अपना दूसरा स्वर्ण हासिल किया। अर्जेंटीना पदक तालिका में उनके प्रदर्शन की बदौलत दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। 

पदक तालिका में टॉप स्थिति

भारत: 22 स्वर्ण, 5 रजत, 1 कांस्य
अर्जेंटीना: 2 स्वर्ण, 2 रजत
सिंगापुर: 2 स्वर्ण, 2 कांस्य
नेपाल: 1 स्वर्ण, 6 रजत, 3 कांस्य
जापान और अमेरिका: 1-1 स्वर्ण

अन्य देशों का भी प्रभावशाली प्रदर्शन

तीसरे दिन भारत के कई खिलाड़ियों ने अलग-अलग स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतकर देश की बढ़त को और मजबूत किया। वहीं जापान, नेपाल और अमेरिका के खिलाड़ियों ने भी स्वर्ण जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

योगासन को वैश्विक खेल बनाने की दिशा में बड़ा कदम

यह पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप योगासन के इतिहास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है। इसका उद्देश्य भारत की प्राचीन योग परंपरा को एक वैश्विक प्रतिस्पर्धी खेल के रूप में स्थापित करना है। इस प्रतियोगिता में भारत ने 122 सदस्यीय दल उतारा है, जो छह आयु वर्गों में प्रतिस्पर्धा कर रहा है। रायपुर में आयोजित यह चैंपियनशिप न केवल भारत के लिए बल्कि पूरी दुनिया के लिए योगासन को एक अंतरराष्ट्रीय खेल के रूप में स्थापित करने की दिशा में ऐतिहासिक साबित हो रही है। भारत का दबदबा इस प्रतियोगिता को और भी खास बना रहा है।


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