मुकेश प्रजापति, भैरूंदा (सीहोर): सीहोर जिले के ग्राम भादाकुई में हुए अंधे कत्ल की गुत्थी को भेरूंदा पुलिस ने मात्र 24 घंटों के अंदर सुलझा लिया है। पुलिस ने इस मामले में एक महिला, उसके पति और बेटी समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से मृतक के शव को उसकी ही कार में रखकर मंडीदीप रेलवे स्टेशन के पास लावारिस छोड़ दिया था।
मंडीदीप में मिली थी संदिग्ध कार और शव
घटना का खुलासा तब शुरू हुआ जब 31 मार्च 2026 को मंडीदीप रेलवे स्टेशन के पास एक स्विफ्ट डिजायर कार (MP.04.TB.3237) में एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिला। मंडीदीप पुलिस ने शव की पहचान संतोष शर्मा (50 वर्ष) निवासी नेहरू नगर, भोपाल के रूप में की। मोबाइल लोकेशन और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जब पुलिस ने संदेहियों से पूछताछ की, तो हत्या की परतें उधड़ती चली गईं।
आंखों में डाली मिर्च, फिर घोंटा गला
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक संतोष शर्मा और मुख्य आरोपी रजनी उईके के बीच पिछले पांच वर्षों से प्रेम प्रसंग था। रजनी अब इस रिश्ते से पीछा छुड़ाना चाहती थी। जब उसके परिवार (पति और बेटी) को इस संबंध का पता चला, तो सबने मिलकर संतोष को रास्ते से हटाने का षड्यंत्र रचा।
ऐसे दिया वारदात को अंजाम
30 मार्च की रात रजनी ने संतोष को फोन कर अपने घर बुलाया। जैसे ही वह पहुंचा, रजनी ने उसकी आंखों में मिर्च झोंक दी। इसके बाद अन्य आरोपियों ने उसे दबोच लिया और दुपट्टे व गमछे से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। पकड़े जाने के डर से आरोपियों ने लाश को संतोष की ही कार की पिछली सीट पर लिटाया और उसे मंडीदीप ले जाकर खड़ा कर दिया।
सलाखों के पीछे आरोपी
सीहोर एसपी दीपक कुमार शुक्ला और एएसपी सुनीता रावत के निर्देशन में एसडीओपी रोशन कुमार जैन और थाना प्रभारी घनश्याम दांगी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने घेराबंदी कर हत्या में शामिल सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
ये आरोपी गिरफ्तार
रजनी उईके (मुख्य साजिशकर्ता)
भगवान सिंह उईके (रजनी का पति)
पूजा उईके (बेटी)
रामविलास उईके (रिश्तेदार)
विरेन्द्र तुमराम (रिश्तेदार)
बरामदगी और कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त दुपट्टा, मृतक का गमछा और उसका मोबाइल फोन बरामद कर लिया है। आरोपियों के खिलाफ BNS की धारा 103(1), 238a, और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है। इस कार्यवाही में थाना प्रभारी निरीक्षक घनश्याम दांगी, उप निरीक्षक पूजा सिंह राजपूत, राजेश यादव और उनकी टीम का सराहनीय योगदान रहा।