जबलपुर : -मध्य प्रदेश की राजनीति में अलग राज्य की मांग को लेकर एक बार फिर बयान बाजी शुरू हो गई। महाकोशल क्षेत्र के विकास और कथित उपेक्षा को लेकर वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यदि क्षेत्र की अनदेखी इसी तरह जारी रही तो भविष्य में अलग राज्य की मांग को लेकर आवाज भी उठाई जा सकती है।
बघेलखंड क्षेत्र विकास में पीछे नहीं रहना चाहिए
दरअसल, जबलपुर में आयोजित कांग्रेस की बैठक में पहुंचे राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने कहा कि महाकौशल, बुंदेलखंड और बघेलखंड क्षेत्र विकास के मामले में इंदौर, उज्जैन और देवास से पीछे नहीं रहने चाहिए। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों के युवाओं को बेहतर शिक्षा, रोजगार और सुविधाएं मिलनी चाहिए। तन्खा ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से क्षेत्र के सम्मान और विकास के लिए संघर्ष करने का आह्वान भी किया। उन्होंने आगे कहा कि यहां के लोगों ने हमेशा प्रदेश और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, लेकिन बदले में क्षेत्र को वह प्राथमिकता नहीं मिली जिसकी उसे जरूरत थी।
विवेक तन्खा के बयान से मचा सियासी भूचाल
सासंद विवेक तन्खा ने भाजपा सरकार पर क्षेत्र की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कहा कि जबलपुर और आसपास के क्षेत्रों को उनका उचित महत्व नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों को अपने अधिकार और सम्मान के लिए एकजुट होकर आवाज उठानी होगी। तन्खा के इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में अलग राज्य की मांग को लेकर नई चर्चा शुरू हो गई है।
भारतीय जनता पार्टी पर साधा निशाना
राजनीतिक टिप्पणी करते हुए तन्खा ने कहा कि जब तक कांग्रेस मजबूत रहेगी, तब तक जबलपुर की आवाज भी मजबूती से उठती रहेगी। वहीं उन्होंने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वर्तमान व्यवस्था जबलपुर को उसकी क्षमता और महत्व के अनुरूप विकसित करने में सफल नहीं रही है।