जावेद खान, ग्वालियर: ग्वालियर अंचल की सियासत से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। केंद्र में मोदी कैबिनेट के विस्तार की चर्चाओं के बीच, ग्वालियर के राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय के सभागार में आयोजित भाजपा के आपातकाल के 51वें वर्ष के कार्यक्रम में भारी बवाल देखने को मिला। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के कट्टर समर्थक और पूर्व पार्षद देवेंद्र पाठक ने कैबिनेट मंत्री प्रहलाद पटेल और ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर की मौजूदगी में कार्यक्रम का सरेआम बहिष्कार कर दिया और मंच छोड़कर बाहर निकल गए।
नेताओं के फोन पर आए थे पाठक
पूर्व पार्षद देवेंद्र पाठक ने अपने बयान में कहा है कि वे खुद इस कार्यक्रम में नहीं आ रहे थे, बल्कि पार्टी पदाधिकारियों के बार-बार फोन आने और आमंत्रण के बाद ही आपातकाल की 51 वीं वर्षगांठ की प्रदर्शनी में शामिल होने पहुंचे थे। देवेंद्र पाठक का आरोप है कि जब वे सभागार पहुंचे, तो मंत्री प्रहलाद पटेल और प्रद्युमन सिंह तोमर की उपस्थिति में संगठन के नेताओं ने उन्हें कोई तवज्जो नहीं दी। मंच और अग्रिम पंक्ति में लगातार की जा रही उपेक्षा से आहत होकर उन्होंने कार्यक्रम का बहिष्कार करने का फैसला किया।
भाजपा से दे चुके इस्तीफा
बता दे कि सिंधिया समर्थक देवेंद्र पाठक पार्टी के अंदर पुराने नेताओं द्वारा अपनी लगातार की जा रही उपेक्षा और अनदेखी से पीड़ित थे। इसी दर्द के चलते उन्होंने कुछ दिन पहले ही अपने पदों से इस्तीफा दे दिया था। कार्यक्रम से पैर पटकते हुए बाहर निकले देवेंद्र पाठक ने साफ कर दिया है कि वे ग्वालियर भाजपा संगठन के इस दुर्व्यवहार की शिकायत अपने नेता केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से दिल्ली दरबार में करेंगे।