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Sagar Liquor Case: CM मोहन यादव का सख्त एक्शन, मुख्य आरोपी गिरफ्तार

Sagar Liquor Case: CM मोहन यादव का सख्त एक्शन, मुख्य आरोपी गिरफ्तार

भोपाल/सागर। Sagar Liquor Case: मध्यप्रदेश के सागर जिले में सामने आए जहरीली शराब मामले के बाद पुलिस और प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश के बाद पुलिस ने अवैध शराब के कथित नेटवर्क से जुड़े मुख्य आरोपी रवि लखेरा को शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पर नकली शराब तैयार कर उसे ग्रामीण क्षेत्रों में खपाने वाले गिरोह का संचालन करने का आरोप है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सागर की घटना को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन और पुलिस को दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए थे। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

शॉर्ट एनकाउंटर के बाद पुलिस ने पकड़ा आरोपी

पुलिस की कार्रवाई में सागर जहरीली शराब मामले के कथित मुख्य आरोपी रवि लखेरा को गिरफ्तार किया गया। मुख्यमंत्री के मुताबिक, अवैध शराब के कारोबार से जुड़े आरोपी को पुलिस टीम ने शॉर्ट एनकाउंटर के बाद पकड़ने में सफलता हासिल की। सरकार ने संकेत दिया है कि मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

नकली ब्रांड के नाम पर तैयार होती थी शराब

पुलिस के मुताबिक, आरोपी से जुड़े गिरोह पर नकली शराब तैयार करने और उसकी सप्लाई करने का आरोप है। कथित तौर पर शराब को बाजार में बिकने वाले ब्रांड जैसा दिखाने के लिए फर्जी रैपर, ढक्कन और QR कोड का इस्तेमाल किया जाता था। इसके बाद तैयार की गई नकली शराब को सागर जिले के ग्रामीण इलाकों में पहुंचाने का आरोप है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े लोगों और शराब की सप्लाई चेन की जानकारी जुटाने में लगी है।

आरोपी का पहले से आपराधिक रिकॉर्ड

पुलिस के अनुसार, रवि लखेरा का पहले से भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। जानकारी के मुताबिक, ललितपुर पुलिस ने एक अवैध शराब फैक्टरी का खुलासा करने के बाद 4 मई 2026 को उसके खिलाफ मामला दर्ज किया था। पूछताछ में कथित तौर पर सागर के बंडा सहित अन्य क्षेत्रों में अवैध शराब की सप्लाई से संबंधित जानकारी भी सामने आई थी। पुलिस अब इन कड़ियों को सागर में सामने आए मामले से जोड़कर जांच आगे बढ़ा रही है।

प्रशासन ने भी तेज की कार्रवाई

पुलिस कार्रवाई के साथ ही जिला प्रशासन ने भी अवैध शराब के कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ कदम उठाना शुरू कर दिया है। प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने सहित आवश्यक कार्रवाई किए जाने की जानकारी सामने आई है। सरकार का कहना है कि प्रदेश में अवैध शराब और नशे के कारोबार पर रोक लगाने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा। प्रशासन और पुलिस को ऐसे नेटवर्क की पहचान कर उनके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

नशे के खिलाफ अभियान को लेकर सरकार सख्त

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश में नशे की प्रवृत्ति को नियंत्रित करने के लिए चलाए जा रहे अभियान का भी उल्लेख किया है। सरकार का जोर अवैध शराब के कारोबार और नशीले पदार्थों से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई करने पर है। सागर की घटना के बाद हुई पुलिस और प्रशासनिक कार्रवाई को कानून व्यवस्था के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब जांच में यह सामने आना बाकी है कि कथित अवैध शराब नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और इसकी सप्लाई किन-किन इलाकों तक होती थी।

 


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