Singhar VS Vijayvargiya : मध्यप्रदेश विधानसभा की कार्यवाही के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार द्वारा बहस में उद्योगपति अडानी का नाम लिए जाने पर सदन का माहौल गरमा गया था। इस दौरान मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और उमंग सिंघार के बीच तीखी नोकझोंक हो गई थी। बहस के दौरान विजयवर्गीय ने सिंघार को “औकात में रहने” की टिप्पणी कर दी थी, जिस पर विपक्ष ने कड़ा विरोध जताया। सिंघार ने भी पलटवार करते हुए मुख्यमंत्री की मौजूदगी में भाषा संयमित रखने की नसीहत दे डाली थी।
सिंघार का ट्वीट
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने ट्वीट करते हुए लिखा है कि माननीय कैलाश विजयवर्गीय जी, मैं अपनी औकात में हूं, मेरी औकात मध्यप्रदेश की 7.5 करोड़ जनता के सवालों को आपकी अहंकारी सत्ता के सामने मुखरता से रखने की है। मेरी इसी औकात ने आपको इतना बौना बना दिया कि आपके अंदर का असली चेहरा बाहर आ गया, मेरी इसी औकात ने आपको भगीरथपुरा पर बहस करने पर मजबूर किया।
35 परिवार उजड़ गए...
सिंघार ने आगे कहा है कि ये अपशब्द केवल उमंग सिंघार या किसी एक नेता प्रतिपक्ष के लिए नहीं थे, यह मध्यप्रदेश की 7.5 करोड़ जनता का अपमान है। जनता को कीड़े-मकोड़े समझने की मानसिकता रखने वाले मंत्री विजयवर्गीय ने असल में अपने अहंकार का परिचय दिया है। 35 परिवार उजड़ गए, लोग बेघर हो गए और सवाल पूछने पर औकात में रहो कहा जाता है? सत्ता का मद इतना चढ़ गया है कि जनप्रतिनिधि खुद को जनता से ऊपर समझने लगे हैं।
याद रखिए मंत्री जी...
उमंग सिंघार ने आगे लिखा है कि याद रखिए मंत्री जी, लोकतंत्र में असली ताकत जनता है, कुर्सी नहीं। जिस जनता को आप औकात याद दिलाने की कोशिश कर रहे हैं, वही जनता चुनाव के दिन असली औकात दिखाती है। मध्यप्रदेश अपमान बर्दाश्त नहीं करेगा। अहंकार और असंवेदनशीलता से चलने वाली निकम्मी सरकार को जनता लोकतांत्रिक तरीके से जवाब देना जानती है। जय मध्यप्रदेश!
विजयवर्गीय ने जताया खेद
विवाद बढ़ने के बाद कैलाश विजयवर्गीय ने अपने बयान पर खेद जताया। उन्होंने कहा कि सदन मर्यादा के साथ चलना चाहिए और वे स्वयं अपने व्यवहार से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि 37 वर्षों के राजनीतिक जीवन में उन्हें पहली बार इतना गुस्सा आया। साथ ही उन्होंने कहा कि वे नेता प्रतिपक्ष की गरिमा का सम्मान करते हैं। विधानसभा में हुई इस तीखी बहस के बाद प्रदेश की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है और सत्ता-विपक्ष आमने-सामने नजर आ रहे हैं।