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धान खरीदी में गड़बड़ी का आरोप: नोडल अधिकारी के खिलाफ शिकायत, बैंक लेन-देन खंगालने की मांग

धान खरीदी में गड़बड़ी का आरोप: नोडल अधिकारी के खिलाफ शिकायत, बैंक लेन-देन खंगालने की मांग

राजीव लोचन साहू-सक्ति। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में सहकारिता विभाग एक बार फिर विवादों में आ गया है। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से जुड़े नोडल अधिकारी अश्विनी पाण्डेय पर कथित रिश्वतखोरी और विभागीय अनियमितताओं के आरोप लगाए गए हैं। मामले की शिकायत जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित बिलासपुर के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) को सौंपते हुए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।

धान खरीदी प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप

शिकायतकर्ता शशिकांत महंत का आरोप है कि वर्ष 2025-26 की धान खरीदी प्रक्रिया के दौरान अनुभवहीन कर्मचारियों की नियुक्ति की गई। शिकायत में दावा किया गया है कि इन नियुक्तियों के लिए कथित तौर पर पैसों का लेन-देन हुआ।

आरोप यह भी है कि डभरा और चंद्रपुर शाखा क्षेत्र की विभिन्न समितियों से एजेंटों के माध्यम से राशि एकत्र कर संबंधित अधिकारी तक पहुंचाई जाती थी।

बैंक खातों और UPI ट्रांजेक्शन की जांच की मांग

शिकायत में नोडल अधिकारी, उनके चालक और कथित एजेंट के बैंक खातों तथा यूपीआई लेन-देन की जांच कराने की मांग की गई है। इसके अलावा धान खरीदी केंद्रों में हुई नियुक्तियों, सीसीटीवी फुटेज और वित्तीय रिकॉर्ड की भी जांच कराने की मांग उठाई गई है।

शिकायतकर्ता ने दोषी पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग भी की है।

अधिकारी की ओर से नहीं आया कोई जवाब

फिलहाल इस पूरे मामले में लगाए गए आरोप शिकायतकर्ता के दावों पर आधारित हैं। नोडल अधिकारी अश्विनी पाण्डेय की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

जानकारी के अनुसार, मीडिया द्वारा पक्ष जानने के लिए कार्यालय पहुंचने पर संबंधित अधिकारी मौजूद नहीं मिले। ऐसे में आरोपों की पुष्टि या खंडन नहीं हो सका है।

जांच के बाद ही साफ होगी स्थिति

मामले को लेकर शिकायतकर्ता निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। फिलहाल संबंधित विभाग की ओर से कोई आधिकारिक जांच रिपोर्ट जारी नहीं की गई है। आरोपों की सत्यता और पूरे मामले की वास्तविक स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।


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