नई दिल्ली। रक्षाबंधन के मौके पर ज्वेलरी ब्रांड GIVA की ओर से अभिनेत्री कृति सेनन के साथ जारी किया गया विज्ञापन विवादों में घिरने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया है। विज्ञापन में कृति सेनन के पहनावे और एक पालतू कुत्ते को राखी बांधने वाले दृश्य को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आई थीं।
विवाद बढ़ने के बाद कंपनी ने विज्ञापन वापस लेते हुए आधिकारिक बयान जारी किया और कहा कि उसका उद्देश्य किसी व्यक्ति या समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था।
कृति सेनन के आउटफिट पर उठे सवाल
GIVA के इस रक्षाबंधन विज्ञापन में कृति सेनन ऑफ-व्हाइट ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट में दिखाई दी थीं। विज्ञापन में वह राखी बांधती नजर आईं। विज्ञापन के इसी लुक को लेकर सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने आपत्ति जताई। आलोचकों का कहना था कि पारंपरिक त्योहार को दर्शाने वाले विज्ञापन में अभिनेत्री का पहनावा भारतीय परंपरा के अनुरूप नहीं दिख रहा था। हालांकि, कई लोगों ने इसे आधुनिक सोच और व्यक्तिगत पसंद का मामला बताते हुए कृति सेनन का समर्थन भी किया।
पालतू कुत्ते को राखी बांधने पर भी विवाद
विज्ञापन में कृति सेनन अपने पालतू कुत्ते को भी राखी बांधती दिखाई दी थीं। इस दृश्य ने भी सोशल मीडिया पर बहस को हवा दी। कुछ यूजर्स ने इस प्रस्तुति पर सवाल उठाए, जबकि दूसरी तरफ इसे पालतू जानवरों को परिवार का हिस्सा मानने की सोच से जोड़ा गया। इसी विरोध और समर्थन के बीच विज्ञापन सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आ गया।
कृति सेनन ने ट्रोलिंग पर दिया था जवाब
विज्ञापन को लेकर विवाद बढ़ने से पहले ही कृति सेनन ने सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का जवाब देते हुए अपने पहनावे और विज्ञापन की सोच का बचाव किया था। उन्होंने कहा था कि किसी त्योहार की भावना को सिर्फ कपड़ों के आधार पर तय नहीं किया जाना चाहिए। अभिनेत्री ने महिलाओं के पहनावे पर की जाने वाली टिप्पणियों पर भी सवाल उठाया और कहा कि महिलाओं को अपनी पसंद के कपड़े पहनने का अधिकार होना चाहिए। कृति ने पालतू जानवरों को परिवार का हिस्सा बताते हुए कुत्ते को राखी बांधने वाले दृश्य का भी बचाव किया था।
GIVA ने क्यों हटाया विज्ञापन?
बढ़ते विवाद के बीच GIVA ने विज्ञापन को अपने सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटा दिया। कंपनी ने अपने बयान में कहा कि विज्ञापन के पीछे उद्देश्य परिवार, रिश्तों और पालतू जानवरों के साथ भावनात्मक जुड़ाव को दिखाना था। कंपनी ने भारतीय संस्कृति और त्योहारों के प्रति सम्मान जताते हुए कहा कि उसका इरादा किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। साथ ही GIVA ने कहा कि यदि विज्ञापन से किसी की भावनाएं आहत हुई हैं तो उसे इसका खेद है।
कंगना रनौत ने भी उठाए सवाल
इस विवाद में अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत की प्रतिक्रिया ने भी मामला और चर्चा में ला दिया। उन्होंने कृति सेनन के विज्ञापन पर सवाल उठाते हुए इसके प्रस्तुतीकरण की आलोचना की और कहा कि उन्हें यह विज्ञापन जानबूझकर विवादित बनाने वाला लगा। कंगना की टिप्पणी के बाद विज्ञापन को लेकर सोशल मीडिया बहस और तेज हो गई।
राहुल गांधी ने किया कृति सेनन का समर्थन
दूसरी तरफ कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कृति सेनन के समर्थन में प्रतिक्रिया दी। उन्होंने महिलाओं के पहनावे को लेकर ट्रोलिंग पर सवाल उठाते हुए कहा कि महिलाओं को यह तय करने का अधिकार होना चाहिए कि वे क्या पहनना चाहती हैं। इस तरह GIVA का विज्ञापन विवाद सोशल मीडिया बहस से आगे बढ़कर राजनीतिक चर्चा का हिस्सा भी बन गया।
त्योहार, फैशन और विज्ञापन को लेकर नई बहस
विज्ञापन हटने के बावजूद इससे जुड़ी चर्चा थमती नजर नहीं आ रही है। इस पूरे विवाद ने एक बार फिर यह बहस छेड़ दी है कि पारंपरिक त्योहारों को विज्ञापनों में आधुनिक तरीके से पेश करने की सीमा क्या होनी चाहिए। एक पक्ष का मानना है कि समय के साथ विज्ञापन और त्योहारों की प्रस्तुति बदलना स्वाभाविक है, जबकि दूसरा पक्ष मानता है कि धार्मिक और सांस्कृतिक पर्वों को दिखाते समय ब्रांड्स को लोगों की भावनाओं का विशेष ध्यान रखना चाहिए। फिलहाल GIVA ने विज्ञापन हटाकर विवाद को शांत करने की कोशिश की है, लेकिन कृति सेनन और GIVA का Raksha Bandhan Ad Controversy सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।