नई दिल्ली: भारत के सर्वोच्च न्यायालय में पांच नए न्यायाधीशों की नियुक्ति को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंजूरी दे दी है। मुख्य न्यायाधीश (CJI) की अध्यक्षता वाले सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम द्वारा भेजी गई सिफारिशों के आधार पर इन नियुक्तियों की अधिसूचना जारी कर दी गई है। केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने इसकी जानकारी साझा की।
नियुक्त किए गए न्यायाधीशों में चार विभिन्न उच्च न्यायालयों के मुख्य न्यायाधीश और एक वरिष्ठ अधिवक्ता शामिल हैं। सुप्रीम कोर्ट में पदोन्नत किए गए नाम इस प्रकार हैं—
बॉम्बे हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश चंद्रशेखर
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश शील नागू
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा
जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश अरुण पल्ली
वरिष्ठ अधिवक्ता वी. सुब्रमणि मोहना
इन नियुक्तियों के बाद सुप्रीम कोर्ट की न्यायिक क्षमता और मजबूत होने की उम्मीद है।
सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाने की तैयारी
गौरतलब है कि 5 मई को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। वर्तमान में स्वीकृत संख्या 33 है, जिसे बढ़ाकर 37 किए जाने का प्रस्ताव है। इस संबंध में सरकार संसद के आगामी सत्र में विधेयक पेश करेगी।
मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद वर्ष 1956 के संबंधित कानून में संशोधन किया जाएगा। संविधान के अनुच्छेद 124(1) के तहत सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या निर्धारित करने और उसमें बदलाव करने का अधिकार संसद को प्राप्त है। संशोधन लागू होने के बाद रिक्त पदों को भरने के लिए कॉलेजियम अतिरिक्त नामों की सिफारिश कर सकेगा।