महाराष्ट्र के पुणे और पिंपरी चिंचवाड़ इलाके में जहरीली शराब पीने से मरने वालों की संख्या बढ़कर 18 हो गई है। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। फुगेवाड़ी क्षेत्र में अब भी कई लोग गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती हैं, जहां उनका इलाज जारी है।
दो अलग-अलग इलाकों में फैला हादसा
सूत्रों के अनुसार, पिंपरी चिंचवाड़ के फुगेवाड़ी-दापोड़ी इलाके में 12 लोगों की मौत हुई है, जबकि पुणे के हडपसर में 6 लोगों ने दम तोड़ दिया। कई अन्य पीड़ितों की हालत नाजुक बनी हुई है, जिससे मृतकों की संख्या और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
मुनाफे के लिए शराब में मिलाया गया मेथनॉल
पुलिस जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी ने ज्यादा मुनाफा कमाने के लिए शराब में मेथनॉल मिलाया था। इसी जहरीली मिलावट के कारण लोगों की तबीयत बिगड़ती गई और कई लोगों की जान चली गई। यह अवैध कारोबार लंबे समय से चलाया जा रहा था।
ऑनलाइन खरीदा गया था जहरीला केमिकल
जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि आरोपी ने ऑनलाइन माध्यम से मेथनॉल खरीदा था और बाद में उसे शराब में मिलाकर बाजार में सप्लाई किया। कम लागत और अधिक मुनाफे के लालच में यह खतरनाक खेल खेला गया, जिसका खामियाजा आम लोगों को भुगतना पड़ा।
पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है आरोपी का
पुलिस के मुताबिक, मुख्य आरोपी योगेश वानखेड़े का पहले से ही अवैध शराब कारोबार से संबंध रहा है और वह पहले भी इस तरह के मामलों में जेल जा चुका है। अब पुलिस उसके पूरे नेटवर्क और सप्लाई चैन की गहन जांच कर रही है।
प्रशासन और आबकारी विभाग पर सवाल
इस घटना के बाद प्रशासनिक व्यवस्था और आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इतने बड़े स्तर पर अवैध शराब का कारोबार कैसे चलता रहा, इस पर जांच की मांग तेज हो गई है।
जांच तेज, कई आरोपी हिरासत में
इस मामले में अब तक 8 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि अन्य संदिग्धों से पूछताछ जारी है। पुलिस ने पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए जांच तेज कर दी है और आगे और गिरफ्तारियां होने की संभावना है।
अस्पतालों में इलाज जारी
फिलहाल कई मरीजों का इलाज अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है, जिनमें कुछ की हालत अभी भी गंभीर बताई जा रही है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और पीड़ितों को हर संभव मदद दी जा रही है।
सरकार ने दिए सख्त कार्रवाई के निर्देश
राज्य सरकार ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा।