F-16 Fighter Jet Crash: अमेरिका के मिशिगन में ट्रेनिंग मिशन के दौरान अमेरिकी वायुसेना का F-16 फाइटर जेट दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान में सवार पायलट ने समय रहते इजेक्ट कर पैराशूट की मदद से सुरक्षित लैंडिंग की। हादसे के बाद जहरीले केमिकल के संभावित रिसाव को देखते हुए आसपास के इलाके को खाली कराया गया।
मिशिगन में ट्रेनिंग के दौरान हादसा
अमेरिका के मिशिगन राज्य में गुरुवार को ट्रेनिंग उड़ान के दौरान एक F-16 फाइटर जेट दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसा ग्रैंड ट्रैवर्स काउंटी के ग्रामीण क्षेत्र में हुआ। विमान में मौजूद पायलट ने इमरजेंसी स्थिति को देखते हुए खुद को विमान से बाहर निकाला और पैराशूट के जरिए जमीन पर सुरक्षित उतर गया। हादसे के बाद पायलट को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। टेक्सास नेशनल गार्ड की 149वीं फाइटर विंग के प्रवक्ता सार्जेंट डेरेक गुटिरेज ने पायलट की पहचान और उसकी चोटों से संबंधित जानकारी सार्वजनिक नहीं की। ग्रैंड ट्रैवर्स काउंटी के शेरिफ माइकल डी. शीया के अनुसार, अस्पताल पहुंचने के बाद पायलट होश में था और पुलिस अधिकारियों से बातचीत कर रहा था।
पक्षी से टक्कर की जताई गई आशंका
F-16 हादसे के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं है और इसकी जांच की जा रही है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल से हुई बातचीत के ऑडियो में दूसरे पायलट ने विमान से पक्षी के टकराने की आशंका जताई थी। बताया गया कि दूसरे विमान में मौजूद पायलट ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल को जानकारी दी कि उसके साथ उड़ रहे F-16 से संभवत: कोई पक्षी टकराया है। कंट्रोलर ने आपात स्थिति को देखते हुए फ्रैंकफर्ट या ट्रैवर्स सिटी एयरपोर्ट की ओर जाने का विकल्प सुझाया था। हालांकि, इसके कुछ ही समय बाद विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दूसरी ओर, सैन्य अधिकारियों ने कहा है कि उन्हें फिलहाल पक्षी से टक्कर की पुष्टि की जानकारी नहीं मिली है। दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है।
धमाके और आग के बाद इलाके में दहशत
हादसे के बाद घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों ने तेज धमाके के साथ काला धुआं और आग का बड़ा गुबार दिखाई देने की बात कही। एक प्रत्यक्षदर्शी के मुताबिक, दुर्घटना से कुछ समय पहले विमान काफी कम ऊंचाई और धीमी गति से उड़ता नजर आया था। दुर्घटना के बाद विमान से किसी केमिकल के रिसाव की सूचना भी सामने आई। शुरुआत में स्थानीय लोगों को अपने घरों के भीतर रहने की सलाह दी गई। बाद में अधिकारियों ने दुर्घटनास्थल के करीब लगभग एक मील के दायरे में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थान पर जाने का निर्देश दिया।
हाइड्राजीन केमिकल को लेकर सावधानी
अधिकारियों ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि दुर्घटना के बाद कौन सा रसायन लीक हुआ। हालांकि, F-16 विमानों में आपातकालीन पावर सिस्टम के लिए हाइड्राजीन जैसे जहरीले रसायन का इस्तेमाल किया जाता है। इसी वजह से दुर्घटनास्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई और लोगों को वहां से दूर रहने की सलाह दी गई।
F-16 का पुराना सुरक्षा रिकॉर्ड भी चर्चा में
अमेरिकी वायुसेना ने 1979 में F-16 लड़ाकू विमानों का संचालन शुरू किया था। इससे पहले दिसंबर में अमेरिकी वायुसेना के थंडरबर्ड्स दल से जुड़ा एक F-16 कैलिफोर्निया में भी दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। उस घटना में भी पायलट समय रहते विमान से बाहर निकलने में सफल रहा था। मिशिगन में हुई ताजा दुर्घटना के मामले में फिलहाल जांच एजेंसियां विमान के क्रैश होने की परिस्थितियों, संभावित पक्षी टक्कर और केमिकल रिसाव से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही हैं।