स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के नजदीक ओमान के समुद्री क्षेत्र में हुए जहाज हमले ने भारत में चिंता बढ़ा दी है। वाणिज्यिक पोत एमटी सेट्टेबेलो पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि अन्य भारतीय क्रू सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। घटना के बाद समुद्री संगठनों और नाविक यूनियनों ने हमले की परिस्थितियों पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
नाविक यूनियन ने जताई आपत्ति
फॉरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया (FSUI) के महासचिव मनोज यादव ने घटना को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि जहाज पर सवार क्रू सदस्यों की पहचान और राष्ट्रीयता से संबंधित जानकारी संबंधित एजेंसियों के पास पहले से उपलब्ध होती है। ऐसे में इस तरह की कार्रवाई को लेकर कई सवाल खड़े होते हैं, जिनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
तीन राज्यों से थे मृतक नाविक
जानकारी के अनुसार हमले में जान गंवाने वाले तीनों भारतीय अलग-अलग राज्यों के रहने वाले थे। मृतकों में हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश और आंध्र प्रदेश के नाविक शामिल बताए जा रहे हैं। घटना की सूचना मिलने के बाद उनके परिवारों में शोक का माहौल है।
पोत से संपर्क नहीं हो पा रहा
यूनियन पदाधिकारियों के मुताबिक हमले के बाद से जहाज के साथ संपर्क स्थापित करने में कठिनाई आ रही है। इससे घटना के कई पहलुओं पर अब भी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ पाई है। समुद्री सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की निगरानी कर रही हैं।
24 भारतीय क्रू सदस्य थे सवार
विदेश मंत्रालय द्वारा जारी जानकारी के मुताबिक एमटी सेट्टेबेलो पर कुल 24 भारतीय क्रू सदस्य मौजूद थे। इनमें से 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि तीन नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है। भारत सरकार लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
दूतावास सक्रिय, सहायता जारी
ओमान में भारतीय दूतावास स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियों के संपर्क में है। सरकार प्रभावित भारतीयों और उनके परिजनों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास कर रही है। साथ ही घटना से जुड़े सभी तथ्यों की जानकारी जुटाई जा रही है।
हमले को लेकर बढ़ी अंतरराष्ट्रीय चिंता
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में से एक माना जाता है। ऐसे में इस क्षेत्र में हुई घटना ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा को लेकर भी नई चिंताएं पैदा कर दी हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि घटना की निष्पक्ष जांच और वास्तविक परिस्थितियों का खुलासा जरूरी है।