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पेट्रोल संकट के बीच छत्तीसगढ़ में EV की रफ्तार तेज, जुलाई में रिकॉर्ड बिक्री से 12% हुआ इलेक्ट्रिक वाहनों का शेयर

पेट्रोल संकट के बीच छत्तीसगढ़ में EV की रफ्तार तेज, जुलाई में रिकॉर्ड बिक्री से 12% हुआ इलेक्ट्रिक वाहनों का शेयर

रायपुर। पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी, ईंधन की उपलब्धता को लेकर चिंता और E20 पेट्रोल को लेकर ग्राहकों के बीच बनी आशंकाओं का असर अब ऑटोमोबाइल बाजार पर साफ दिखाई देने लगा है। छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग लगातार बढ़ रही है। जुलाई में प्रदेश में पहली बार इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री ने रिकॉर्ड स्तर को छुआ है। आंकड़ों के मुताबिक जुलाई में प्रदेश में 6,500 से ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन बिके। इनमें सबसे बड़ी हिस्सेदारी इलेक्ट्रिक दोपहिया और तिपहिया वाहनों की रही। इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री में भी अब धीरे-धीरे तेजी देखने को मिल रही है।

जुलाई में रिकॉर्ड EV बिक्री

जुलाई में प्रदेश में 4,526 इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन बेचे गए। इसके अलावा 1,590 इलेक्ट्रिक तिपहिया वाहनों की बिक्री हुई। वहीं इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री भी करीब 400 यूनिट के आसपास रही। इस तरह जुलाई में इलेक्ट्रिक वाहनों की कुल बिक्री 6,500 से अधिक रही। यह प्रदेश के ऑटोमोबाइल बाजार में इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती स्वीकार्यता को दर्शाता है।

ऑटो बाजार में EV की हिस्सेदारी 12 फीसदी

छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहनों का बाजार तेजी से विस्तार कर रहा है। जून में EV की हिस्सेदारी 10 फीसदी से कम थी, जो जुलाई में बढ़कर करीब 12 फीसदी हो गई। जुलाई में प्रदेश में सभी श्रेणियों के करीब 53,194 वाहन बिके। इनमें इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या 6,500 से ज्यादा रही। जून में कुल वाहन बिक्री 49,138 थी। इस लिहाज से जुलाई में कुल वाहन बिक्री में करीब 8.25 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई।

पेट्रोल वाहनों की बिक्री अभी भी ज्यादा

EV की बिक्री में तेजी के बावजूद प्रदेश के ऑटो बाजार में पेट्रोल वाहनों की हिस्सेदारी अभी भी सबसे ज्यादा है। जुलाई में करीब 34,360 पेट्रोल दोपहिया वाहन बिके। इसके अलावा पेट्रोल श्रेणी में करीब 5,185 चारपहिया वाहन, 2,249 कमर्शियल वाहन और 5,009 ट्रक की बिक्री दर्ज की गई। हालांकि, EV की लगातार बढ़ती हिस्सेदारी भविष्य में ऑटोमोबाइल बाजार के समीकरण बदल सकती है।

पेट्रोल संकट ने बढ़ाई EV की ओर दिलचस्पी

पेट्रोल की उपलब्धता और कीमतों को लेकर बढ़ती चिंता के बीच ग्राहकों का एक वर्ग अब इलेक्ट्रिक वाहनों को बेहतर विकल्प के तौर पर देख रहा है। कुछ समय पहले रायपुर समेत प्रदेश के कई हिस्सों में पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारों की स्थिति ने भी लोगों को वैकल्पिक ईंधन की जरूरत का अहसास कराया। इसी वजह से खासकर दोपहिया वाहन खरीदने वाले ग्राहक इलेक्ट्रिक स्कूटर और अन्य EV विकल्पों की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं।

E20 पेट्रोल भी बना चर्चा का विषय

पेट्रोल में एथेनॉल की मात्रा बढ़ने और E20 पेट्रोल के इस्तेमाल को लेकर वाहन मालिकों के बीच कई तरह की चिंताएं भी सामने आ रही हैं। इसका असर नए वाहन खरीदने के फैसले पर भी पड़ रहा है। खासकर ऐसे ग्राहक जो नया दोपहिया वाहन खरीदने की योजना बना रहे हैं, वे पेट्रोल की कीमत, उपलब्धता और E20 से जुड़ी चिंताओं को ध्यान में रखते हुए इलेक्ट्रिक वाहन को विकल्प के तौर पर देख रहे हैं।

आने वाले समय में और बढ़ सकती है EV की मांग

छत्तीसगढ़ फाडा के अध्यक्ष विवेक गर्ग के मुताबिक प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग लगातार बढ़ रही है। जुलाई में पहली बार साढ़े छह हजार से ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हुई है और ऑटो बाजार में EV का शेयर करीब 12 फीसदी तक पहुंच गया है।उनके अनुसार आने वाले समय में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री की रफ्तार और तेज होने की संभावना है।

 जुलाई का ऑटोमोबाइल बिक्री आंकड़ा

वाहन श्रेणी                                जुलाई में बिक्री
इलेक्ट्रिक दोपहिया                        4,526
इलेक्ट्रिक तिपहिया                         1,590
इलेक्ट्रिक कार    करीब                   400
पेट्रोल दोपहिया                                 34,360
पेट्रोल चारपहिया                          5,185
कमर्शियल वाहन                          2,249
ट्रक                                                  5,009
सभी ईंधन वाले कुल वाहन            53,194


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