होम
देश
दुनिया
राज्य
खेल
अध्यात्म
मनोरंजन
सेहत
जॉब अलर्ट
जरा हटके
फैशन/लाइफ स्टाइल

 

ED Raid News: ड्रीम मेकर्स ग्लोबल पर ईडी की बड़ी कार्रवाई, तमिलनाडु-केरल में 8 ठिकानों पर छापेमारी

ED Raid News: ड्रीम मेकर्स ग्लोबल पर ईडी की बड़ी कार्रवाई, तमिलनाडु-केरल में 8 ठिकानों पर छापेमारी

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मल्टी लेवल मार्केटिंग (MLM) और कथित पोंजी स्कीम से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में Dream Makers Global Private Limited (DMGPL) के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जांच एजेंसी ने तमिलनाडु और केरल के कुल 8 ठिकानों पर छापेमारी कर कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड जब्त किए हैं। ईडी की यह कार्रवाई कोयंबटूर, कृष्णागिरी, मलप्पुरम और त्रिशूर जिलों में स्थित कंपनी और उससे जुड़े लोगों के परिसरों पर की गई। एजेंसी का कहना है कि यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े वित्तीय लेन-देन और कथित निवेश घोटाले की जांच के तहत की गई है।

तमिलनाडु पुलिस की FIR के बाद शुरू हुई जांच

ईडी के अनुसार, इस मामले की जांच तमिलनाडु पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की गई। प्रारंभिक जांच में आरोप सामने आए कि कंपनी ने सॉफ्टवेयर प्रोजेक्ट और विभिन्न निवेश पैकेजों के नाम पर हजारों लोगों से करोड़ों रुपये जुटाए। निवेशकों को हर दिन आकर्षक रिटर्न और 150 दिनों में निवेश की राशि दोगुनी करने का दावा किया गया, जिससे बड़ी संख्या में लोगों ने कंपनी में निवेश किया।

ऐसे काम करती थी कथित निवेश योजना

जांच एजेंसी का आरोप है कि कंपनी के तत्कालीन प्रबंध निदेशक एस. सतीश कुमार (दिवंगत), निदेशक गुनावथी और मैनेजर मुगुंथन नायर सहित अन्य सहयोगियों ने मिलकर निवेशकों को ऊंचे मुनाफे का लालच देकर बड़ी रकम जुटाई। ईडी के मुताबिक, शुरुआत में कुछ निवेशकों को भुगतान कर योजना पर भरोसा कायम किया गया। इसके बाद भुगतान बंद हो गया, जिससे हजारों निवेशकों को आर्थिक नुकसान हुआ। जांच में यह भी सामने आया कि प्रचार कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को इस योजना में निवेश के लिए प्रेरित किया जाता था।

छापेमारी में क्या मिला?

ईडी ने छापेमारी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, डायरी, डिजिटल रिकॉर्ड और कथित तौर पर निवेशकों की रकम से खरीदी गई संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज जब्त किए हैं। जांच एजेंसी ने आरोपियों और उनके सहयोगियों के बैंक खाते, फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) और अन्य वित्तीय निवेशों की भी पहचान की है। इनमें से कई खातों और निवेशों को पहले ही अन्य जांच एजेंसियों द्वारा फ्रीज किया जा चुका है।

जांच जारी

फिलहाल ईडी जब्त किए गए दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच कर रही है। एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि कथित निवेश घोटाले से जुटाई गई राशि का इस्तेमाल किन-किन संपत्तियों और वित्तीय लेन-देन में किया गया।


संबंधित समाचार