नई दिल्ली। सोशल मीडिया पर इन दिनों E20 जनता पार्टी (E20 Janta Party) नाम का एक नया डिजिटल अभियान तेजी से चर्चा में है। यह कोई राजनीतिक दल या चुनाव लड़ने वाला संगठन नहीं, बल्कि E20 (20 प्रतिशत एथनॉल मिश्रित) पेट्रोल के विरोध में शुरू किया गया नागरिक अभियान है। इस कैंपेन का दावा है कि वाहन चालकों को E20 पेट्रोल के साथ-साथ 100 प्रतिशत शुद्ध (Ethanol-Free) पेट्रोल खरीदने का विकल्प भी मिलना चाहिए। कम समय में इस अभियान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X और Instagram पर बड़ी संख्या में लोगों का समर्थन हासिल किया है। इसके जरिए लगातार पोस्ट, वीडियो और मीम्स साझा किए जा रहे हैं, जिनमें E20 ईंधन नीति पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
क्या है E20 जनता पार्टी?
E20 जनता पार्टी कोई पंजीकृत राजनीतिक पार्टी या सरकारी मान्यता प्राप्त संगठन नहीं है। यह सोशल मीडिया आधारित एक स्वतंत्र डिजिटल अभियान है, जो खुद को आम वाहन मालिकों और उपभोक्ताओं की आवाज बताता है। अभियान से जुड़े लोगों का कहना है कि सरकार यदि E20 पेट्रोल को बढ़ावा देना चाहती है तो इसके साथ-साथ 100 प्रतिशत शुद्ध पेट्रोल का विकल्प भी उपलब्ध कराया जाना चाहिए, ताकि उपभोक्ता अपनी जरूरत और वाहन निर्माता की सलाह के अनुसार ईंधन चुन सकें।
अभियान की प्रमुख मांगें
E20 जनता पार्टी ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कई मांगें सामने रखी हैं-
सभी पेट्रोल पंपों पर E20 के साथ 100% शुद्ध पेट्रोल उपलब्ध कराया जाए।
वाहन निर्माता की सिफारिश के अनुसार ईंधन चुनने का अधिकार ग्राहकों को मिले।
किसी भी प्रकार का फ्यूल प्रयोग उपभोक्ताओं पर अनिवार्य रूप से लागू न किया जाए।
ईंधन नीति और उसके प्रभाव को लेकर पूरी पारदर्शिता रखी जाए।
उपभोक्ताओं की राय को नीति निर्माण में महत्व दिया जाए।
क्या है संगठन का दावा?
अभियान चलाने वाले सोशल मीडिया हैंडल के अनुसार यह पूरी तरह Independent Citizen Campaign है। उनका कहना है कि उनका किसी राजनीतिक दल या विचारधारा से कोई संबंध नहीं है और उनका उद्देश्य केवल उपभोक्ताओं के अधिकारों तथा ईंधन नीति पर सार्वजनिक चर्चा को बढ़ावा देना है। अभियान से जुड़े पोस्ट में यह भी कहा गया है कि नागरिकों की गाड़ियां किसी प्रयोगशाला की मशीन नहीं हैं और उन्हें अपनी जरूरत के अनुसार ईंधन चुनने की स्वतंत्रता मिलनी चाहिए।
CJP से क्यों हो रही तुलना?
E20 जनता पार्टी की तुलना सोशल मीडिया पर पहले वायरल हुए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) अभियान से की जा रही है। CJP भी शुरुआत में व्यंग्यात्मक डिजिटल अभियान के रूप में सामने आया था और बाद में कई राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा का केंद्र बन गया था। हालांकि, E20 जनता पार्टी ने खुद को केवल ईंधन नीति से जुड़े उपभोक्ता अधिकारों तक सीमित रखने की बात कही है।
सोशल मीडिया पर तेजी से बढ़ रहा समर्थन
E20 जनता पार्टी के सोशल मीडिया अकाउंट्स के फॉलोअर्स में बहुत तेजी से वृद्धि देखी जा रही है। X (पूर्व ट्विटर) पर कुछ ही समय में हजारों नए फॉलोअर्स जुड़े।Instagram पर भी फॉलोअर्स की संख्या तेजी से बढ़ी और यह अभियान ट्रेंड करने लगा। इससे साफ है कि E20 ईंधन नीति को लेकर सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा शुरू हो चुकी है।
फिलहाल क्या है स्थिति?
फिलहाल E20 जनता पार्टी केवल एक सोशल मीडिया आधारित डिजिटल अभियान है। यह न तो चुनाव आयोग में पंजीकृत राजनीतिक दल है और न ही किसी राजनीतिक गठबंधन का हिस्सा होने का दावा करता है। इस अभियान की मुख्य मांग यही है कि देशभर के पेट्रोल पंपों पर E20 के साथ 100 प्रतिशत Ethanol-Free Petrol का विकल्प भी उपलब्ध कराया जाए। आने वाले समय में सरकार इस मांग पर क्या रुख अपनाती है, इस पर सभी की नजर रहेगी।
नोट: E20 जनता पार्टी की ओर से रखी गई मांगें और दावे उसके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किए गए बयानों पर आधारित हैं। इन दावों की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है।