नई दिल्ली: मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच भारत के कई हिस्सों में एलपीजी गैस सिलेंडर की कथित कमी को लेकर चर्चा तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश, बिहार और महाराष्ट्र सहित कई राज्यों से ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जहां लोग घरेलू गैस सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारों में खड़े नजर आ रहे हैं। हालांकि केंद्र और राज्य सरकारों ने साफ किया है कि देश में एलपीजी का पर्याप्त भंडार मौजूद है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन ने अफवाहों से बचने और अनावश्यक रूप से गैस सिलेंडर का भंडारण न करने की अपील की है।
मिडिल ईस्ट तनाव से बढ़ी चिंता
दरअसल, मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के चलते होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरने वाली तेल और गैस आपूर्ति को लेकर वैश्विक स्तर पर चिंता जताई जा रही है। यही कारण है कि कई जगहों पर लोगों में गैस की संभावित कमी को लेकर आशंका पैदा हो गई है। इसी वजह से कुछ शहरों में लोगों ने जल्दबाजी में गैस सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों का रुख किया, जिससे कई जगहों पर भीड़ और लंबी कतारें देखने को मिलीं।
सरकार का दावा: पर्याप्त है एलपीजी स्टॉक
सरकार ने इन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि देश में एलपीजी की कोई कमी नहीं है। दिल्ली सरकार ने अपने बयान में कहा कि राजधानी में एलपीजी, पेट्रोल, डीजल और पीएनजी की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और जरूरत से ज्यादा गैस सिलेंडर जमा करने से बचें।
बिहार में गैस एजेंसियों के बाहर भीड़
बिहार के कई जिलों में गुरुवार को गैस एजेंसियों के बाहर लोगों की लंबी कतारें देखी गईं। हालांकि प्रशासन का कहना है कि जिले में एलपीजी की नियमित सप्लाई जारी है। बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार गैस सिलेंडर की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए लगातार काम कर रही हैं। साथ ही ब्लैक मार्केटिंग रोकने के लिए भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। शिवहर जिले में कुछ लोगों ने गैस सिलेंडर की कालाबाजारी का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन भी किया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि इलाके में पर्याप्त बफर स्टॉक उपलब्ध है।
यूपी में कालाबाजारी पर प्रशासन की कार्रवाई
उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में घरेलू गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने जैतापुर गांव में एक घर में बनाए गए अवैध गोदाम पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडर बरामद किए गए, जिनमें भरे हुए और खाली दोनों प्रकार के सिलेंडर शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि इन्हें कथित तौर पर कालाबाजारी के लिए जमा किया गया था। मौके से कुछ केमिकल से भरी बोतलें भी मिली हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
पर्यटन और होटल उद्योग पर असर की आशंका
एलपीजी संकट की खबरों के बीच उत्तराखंड के नैनीताल होटल एसोसिएशन ने भी चिंता जताई है। एसोसिएशन के अध्यक्ष दिग्विजय बिष्ट ने कहा कि अगर कमर्शियल गैस की आपूर्ति प्रभावित होती है तो पर्यटन सीजन से पहले होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर असर पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि होटल उद्योग पूरी तरह कमर्शियल एलपीजी गैस पर निर्भर है, जिससे पर्यटकों और कर्मचारियों के भोजन की व्यवस्था होती है।
प्रशासन की अपील
सरकार और प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से दूर रहें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। साथ ही गैस सिलेंडर की कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।